बाघों की गणना के लिए महेशपुर रेंज में 40 और गोला रेंज में 4 कैमरे लगाए गए, 45 दिनों में होगा कार्य पूरा

गोला गोकर्णनाथ/खीरी। उत्तर प्रदेश सरकार की मंशा के अनुरूप वन्यजीवों के संरक्षण और सुरक्षा को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से प्रत्येक वर्ष बाघों की गणना कराई जा रही है। पिछले कई वर्षों में बाघों की संख्या में लगातार वृद्धि देखने को मिली है, जिससे वन विभाग के साथ-साथ वन्यजीव एवं पशु प्रेमियों में भी खासा उत्साह है।
बाघ गणना अभियान के तहत महेशपुर और गोला वन रेंज में कैमरा ट्रैप लगाए गए हैं। महेशपुर रेंज के वन क्षेत्राधिकारी निर्भय सिंह शाही ने बताया कि महेशपुर रेंज के अंतर्गत लगभग 6800 हेक्टेयर वन क्षेत्र में बाघों की गणना के लिए कुल 40 कैमरे लगाए गए हैं। इनमें आवलां, ककरहा देवीपुर, सहजनियां, महेशपुर सहित विभिन्न बीटें शामिल हैं।
वहीं गोला वन क्षेत्राधिकारी संजीव कुमार तिवारी ने बताया कि गोला रेंज के अंतर्गत 1235 हेक्टेयर वन क्षेत्र में बाघों की निगरानी के लिए कुल 4 कैमरे सिकंदरपुर बीट में लगाए गए हैं। यह गणना अभियान 10 दिसंबर से प्रारंभ होकर 15 जनवरी तक चलेगा, यानी 45 दिनों में बाघों की गणना का कार्य पूरा कर उसका डेटा शासन को उपलब्ध कराया जाएगा।
इस अभियान को सफल बनाने के लिए महेशपुर रेंज में वन दरोगा रोहित श्रीवास्तव के नेतृत्व में तथा गोला रेंज में वन दरोगा शैलेन्द्र त्रिवेदी की टीम द्वारा कैमरे लगाने और निगरानी का कार्य लगातार किया जा रहा है। वन विभाग को उम्मीद है कि इस बार भी बाघों की संख्या में सकारात्मक आंकड़े सामने आएंगे।