कतर्नियाघाट वन्यजीव अभयारण्य में तेंदुए के दो शावकों की मौत से सनसनी

खेत में मिले शव, शरीर पर गहरे घाव; आपसी संघर्ष या बड़े शिकारी के हमले की आशंका

बहराइच। कतर्नियाघाट वन्यजीव अभयारण्य के मोतीपुर रेंज में रविवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब तेंदुए के दो शावकों के शव खेत में पड़े मिले। दोनों शावकों के शरीर पर गहरे घाव के निशान पाए गए हैं, जिससे उनकी मौत को लेकर कई तरह की आशंकाएं जताई जा रही हैं।
जानकारी के अनुसार अडगौडवा और मनगौढिया ग्राम पंचायतों के बीच स्थित एक खेत में ग्रामीणों ने दो शावकों के शव देखे। देखते ही देखते मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। ग्रामीणों ने तत्काल इसकी सूचना मोतीपुर रेंज कार्यालय को दी। सूचना मिलते ही रेंजर सुरेंद्र नाथ तिवारी अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया।
वन विभाग की टीम ने दोनों शावकों के शव कब्जे में लेकर रेंज कार्यालय पहुंचाए। वहां वन चिकित्सक द्वारा पोस्टमार्टम कराया जाएगा। प्रारंभिक जांच में शावकों की उम्र करीब सात माह बताई गई है। शरीर पर मिले घावों को देखते हुए आशंका जताई जा रही है कि किसी बड़े तेंदुए या अन्य हिंसक वन्य जीव के हमले में उनकी मौत हुई है। हालांकि आपसी संघर्ष की संभावना से भी इनकार नहीं किया गया है।
रेंजर सुरेंद्र नाथ तिवारी ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों की पुष्टि हो सकेगी। फिलहाल वन विभाग की टीम ने आसपास के जंगल और खेतों में निगरानी बढ़ा दी है, ताकि किसी भी संभावित खतरे को टाला जा सके।
इस घटना से क्षेत्र के ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। वन विभाग ने लोगों से सतर्क रहने और जंगल के किनारे अनावश्यक आवाजाही न करने की अपील की है।