अमेठी में नोडल अधिकारी चैत्रा वी. ने विकास योजनाओं की समीक्षा की, जिला कारागार और पुलिस लाइन का किया निरीक्षण

अमेठी। शासन द्वारा नामित नोडल अधिकारी एवं महानिदेशक आयुष विभाग उत्तर प्रदेश श्रीमती चैत्रा वी. की अध्यक्षता में सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में विकास प्राथमिकता कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा के लिए जनपद स्तरीय अधिकारियों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं की प्रगति, उपलब्धियों और रैंकिंग की विस्तार से समीक्षा करते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
बैठक में पुलिस अधीक्षक सरवणन टी., मुख्य विकास अधिकारी सचिन कुमार सिंह, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) अर्पित गुप्ता सहित सभी जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे। नोडल अधिकारी ने विभागवार योजनाओं की प्रगति की जानकारी लेते हुए कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप सभी विकास एवं जनकल्याणकारी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए ताकि पात्र लाभार्थियों तक योजनाओं का लाभ समय से पहुंच सके।
उन्होंने विशेष रूप से उन विभागों पर ध्यान देने के निर्देश दिए जिनकी योजनाओं की रैंकिंग सी और डी श्रेणी में है। नोडल अधिकारी ने कहा कि ऐसे विभाग अपनी कार्यप्रणाली में सुधार लाकर योजनाओं के क्रियान्वयन की गति तेज करें और आगामी समीक्षा में बेहतर परिणाम प्रस्तुत करें। उन्होंने यह भी कहा कि योजनाओं की प्रगति केवल कागजों तक सीमित न रहे बल्कि उसका वास्तविक लाभ आम जनता तक पहुंचे।
समीक्षा के दौरान नोडल अधिकारी ने यूपी नेडा के अंतर्गत सोलर रूफटॉप योजना, उद्यान विभाग की योजनाएं, विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली, बिजली आपूर्ति की स्थिति, खराब ट्रांसफार्मरों के प्रतिस्थापन, लाइन लॉस से जुड़े मामलों तथा बिजली विभाग से संबंधित शिकायतों के निस्तारण की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की। इसके साथ ही समाज कल्याण विभाग की छात्रवृत्ति योजना, कृषि विभाग, दुग्ध विकास, स्वास्थ्य विभाग, जल निगम, पंचायतीराज, प्रधानमंत्री आवास योजना, पर्यटन, बेसिक शिक्षा, पिछड़ा वर्ग कल्याण, पशुपालन, मत्स्य विभाग और खाद्य एवं रसद विभाग सहित अन्य योजनाओं की प्रगति का भी गहन मूल्यांकन किया गया।
नोडल अधिकारी ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि विकास योजनाओं का लाभ पारदर्शी और प्रभावी तरीके से आमजन तक पहुंचे। इसके लिए सभी अधिकारी निर्धारित लक्ष्यों के अनुसार कार्य करते हुए योजनाओं की प्रगति में तेजी लाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी स्तर पर शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि योजनाओं की प्रगति की नियमित निगरानी की जाए और जमीनी स्तर पर निरीक्षण कर गुणवत्ता सुनिश्चित की जाए।
बैठक के बाद नोडल अधिकारी ने जिला कारागार और पुलिस लाइन का स्थलीय निरीक्षण भी किया। पुलिस लाइन में उन्होंने वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम, सीवरेज व्यवस्था, विद्युतीकरण और ड्रेनेज सिस्टम का जायजा लिया तथा निर्माण कार्यों की गुणवत्ता की जांच करते हुए कार्यदायी संस्था को शेष कार्य निर्धारित समय में पूरा करने के निर्देश दिए।
इसके बाद जिला कारागार के निरीक्षण के दौरान उन्होंने कारागार के मॉडल का अवलोकन किया और बैरक, रेजिडेंशियल परिसर, हाई सिक्योरिटी टावर, किचन, पाठशाला, वाच टावर और गोदाम सहित अन्य व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण कार्यों को गुणवत्ता के साथ पूर्ण करने के लिए संबंधित अधिकारियों और कार्यदायी संस्था को आवश्यक निर्देश दिए।
इस अवसर पर जिला विकास अधिकारी वीर भानु सिंह, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अंशुमान सिंह, प्रभागीय वनाधिकारी रणवीर मिश्र सहित अन्य संबंधित अधिकारी भी उपस्थित रहे।