
लखनऊ। गोमतीनगर के विशाल खंड स्थित जैन मंदिर में सोमवार को भगवान महावीर का 2625वां जन्म कल्याणक श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर सुबह प्रभात फेरी के साथ कार्यक्रमों की शुरुआत हुई, जिसमें श्रद्धालुओं ने भजन-कीर्तन करते हुए पूरे क्षेत्र को भक्तिमय बना दिया। इसके बाद भगवान महावीर की भव्य पालकी एवं शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। शोभायात्रा के दौरान “जियो और जीने दो” तथा “अहिंसा परमो धर्म” के संदेश गूंजते रहे, जिससे वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया।
मंदिर परिसर में भगवान का विधिवत अभिषेक किया गया। मुख्य शांति धारा का सौभाग्य अरविंद-मनीषा जैन एवं संजय-मनोरमा जैन परिवार को प्राप्त हुआ। पंडित पीयूष सुरेंद्र ने संगीतमय पूजन कराकर श्रद्धालुओं को भक्ति रस में सराबोर कर दिया। श्रद्धालुओं ने भगवान को चांदी के पालने में झुलाकर अपनी श्रद्धा अर्पित की और मंगल कामनाएं कीं।
कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने भगवान महावीर के उपदेशों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि अहिंसा, करुणा, सहिष्णुता और शाकाहार जैसे सिद्धांत आज के समय में भी अत्यंत प्रासंगिक हैं। उन्होंने सभी से ‘जियो और जीने दो’ के संदेश को अपने जीवन में अपनाने की अपील की, जिससे समाज में शांति और सौहार्द बना रहे।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने आयोजन में विशेष आकर्षण जोड़ा। कु. रिद्धि और आरणा ने मंगलाचरण एवं भक्ति नृत्य प्रस्तुत कर सभी का मन मोह लिया। गोमतीनगर महिला मंडल की अनीता, दीपाली, जूली, मोना, आशा, अर्चना, सपना, रश्मि, अल्पना, यशी, मीता और सुनीता सहित कई महिलाओं ने कार्यक्रम में सक्रिय भागीदारी निभाई।
कार्यक्रम में मंदिर अध्यक्ष प्रदीप जैन, मंत्री आलोक जैन सहित संदीप, निकांत, विशाल, महावीर गंगवाल, विनय कपूर, अरविंद, अशोक, जयकुमार और राकेश समेत अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे। पूरे आयोजन ने गोमतीनगर क्षेत्र को भक्ति, उल्लास और सामाजिक एकता के रंग में रंग दिया।