
कोसीकला। नगर पालिका परिषद की बोर्ड बैठक में टैक्स प्रणाली को लेकर जमकर हंगामा और विरोध देखने को मिला। बैठक में मौजूद सभी सभासदों ने नई टैक्स प्रणाली का कड़ा विरोध किया, जिसके चलते पालिका प्रशासन बैक फुट पर नजर आया। विरोध के बीच करीब 36 करोड़ रुपये का बजट प्रस्ताव पास किया गया, जिसमें शहर के विकास कार्यों को मंजूरी दी गई।
बैठक के दौरान सभासदों ने स्पष्ट कहा कि नई टैक्स प्रणाली आम जनता पर अतिरिक्त बोझ डाल रही है, इसलिए पुरानी व्यवस्था को ही लागू रखा जाए। इस मुद्दे पर तीखी बहस के बाद पालिका अध्यक्ष ने फिलहाल नई टैक्स प्रणाली को स्थगित करने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि बोर्ड के प्रस्ताव के माध्यम से इस विषय को शासन तक भेजा जाएगा और नियमों के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में सड़क, नाली, नाला निर्माण, पेयजल व्यवस्था और अन्य लंबित विकास कार्यों को शीघ्र पूरा करने के लिए योजनाओं को स्वीकृति दी गई। विकास कार्यों को गति देने पर भी विशेष जोर दिया गया, ताकि नगरवासियों को बुनियादी सुविधाएं बेहतर तरीके से मिल सकें।
टैक्स प्रणाली का मुद्दा पूरे बैठक में प्रमुख रूप से छाया रहा। सभासदों का कहना था कि नई व्यवस्था से व्यापारियों और आम जनता पर आर्थिक दबाव बढ़ेगा, जिसे किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने मांग की कि पुरानी टैक्स प्रणाली को ही जारी रखा जाए।
गौरतलब है कि इससे पहले व्यापार मंडल द्वारा पालिका प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर नई टैक्स व्यवस्था का विरोध किया गया था। साथ ही पूर्व पालिका अध्यक्ष नरेंद्र कुमार गुर्जर ने भी टैक्स बढ़ोतरी के खिलाफ आंदोलन की चेतावनी दी थी।
बैठक में पालिका प्रशासन की ओर से आश्वासन दिया गया कि फिलहाल टैक्स वसूली पर रोक लगाते हुए कानूनी सलाह ली जाएगी और पूरी प्रक्रिया का पुनरीक्षण कर शासन को अवगत कराया जाएगा। पालिका अध्यक्ष ने यह भी भरोसा दिलाया कि आम जनता पर टैक्स का बोझ कम से कम रखा जाएगा।
इस फैसले के बाद सभासदों ने राहत की सांस ली और उम्मीद जताई कि आगे की कार्रवाई जनहित को ध्यान में रखकर की जाएगी।