सूरकुटी दृष्टिबाधित विद्यालय बंद करने के आदेश, मान्यता समाप्त होने पर नोटिस जारी

रुनकता। सूर सरोवर पक्षी विहार स्थित सूरकुटी दृष्टिबाधित विद्यालय को बंद करने के आदेश जारी कर दिए गए हैं। खंड शिक्षा अधिकारी अछनेरा आनंद कुमार ने विद्यालय के प्रधानाध्यापक को नोटिस भेजते हुए साफ निर्देश दिया है कि विद्यालय वर्तमान में बिना किसी मान्यता के संचालित किया जा रहा है, ऐसे में इसे तत्काल प्रभाव से बंद किया जाए।

साल 1976 में सूर स्मारक मंडल के अध्यक्ष डॉ. सिद्धेश्वर नाथ श्रीवास्तव द्वारा स्थापित यह विद्यालय वर्ष 1999 में कक्षा एक से पाँच तक के लिए मान्यताप्राप्त हुआ था। यह विद्यालय पूर्णतः आवासीय प्रकृति का है, लेकिन वर्तमान में न तो इसे मान्यता प्राप्त है और न ही विद्यालय का यू-डायस नंबर मौजूद है। छात्रों के यू-डायस नंबर भी दर्ज नहीं पाए गए हैं।

नोटिस में चेतावनी दी गई है कि आदेश प्राप्त होने के बावजूद यदि विद्यालय संचालित पाया गया तो प्रबंधन पर एक लाख रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा। इसके बाद भी संचालन बंद न होने की स्थिति में प्रतिदिन दस हजार रुपये के हिसाब से अतिरिक्त दंड लगाया जाएगा।

खंड शिक्षा अधिकारी ने निर्देश दिए हैं कि विद्यालय में अध्ययनरत दृष्टिबाधित बच्चों का प्रवेश नजदीकी मान्यताप्राप्त विद्यालयों में कराया जाए, ताकि उनकी शिक्षा बाधित न हो। इसके अलावा नोटिस की अवहेलना करने पर विद्यालय प्रबंधन के खिलाफ मुकदमा दर्ज करते हुए विधिक कार्रवाई की जाएगी।

प्रशासन की इस सख्ती के बाद स्थानीय स्तर पर चर्चा तेज है, वहीं अभिभावक भी बच्चों के भविष्य को लेकर चिंतित दिख रहे हैं।