तपती गर्मी से सूना पड़ा अस्सी घाट, पर्यटकों और श्रद्धालुओं की संख्या में भारी गिरावट

वाराणसी की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान माने जाने वाले अस्सी घाट पर इन दिनों भीषण गर्मी का असर साफ दिखाई दे रहा है। आमतौर पर सुबह-शाम श्रद्धालुओं और पर्यटकों की भीड़ से गुलजार रहने वाला यह घाट अब सूना नजर आ रहा है। तेज धूप और गर्म हवाओं ने यहां की रौनक को जैसे थाम दिया है।
सुबह के समय जहां योग, पूजा-पाठ और गंगा स्नान के लिए भारी संख्या में लोग पहुंचते थे, अब वहां इक्का-दुक्का लोग ही दिखाई दे रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि लू जैसे हालात और बढ़ते तापमान के कारण लोग घरों में ही रहने को मजबूर हैं। दोपहर के समय तो घाट पर लगभग सन्नाटा पसरा रहता है।
गर्मी के बढ़ते प्रकोप का असर पर्यटन पर भी साफ दिख रहा है। देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों की संख्या में भारी गिरावट दर्ज की गई है। इसका सीधा असर घाट किनारे रोजी-रोटी कमाने वाले नाविकों, दुकानदारों और छोटे कारोबारियों पर पड़ा है। उनका कहना है कि इस सीजन में आमदनी काफी कम हो गई है, जिससे आर्थिक दिक्कतें बढ़ रही हैं।
गंगा किनारे ठंडी हवा का अहसास भी इस बार गर्मी के आगे बेअसर साबित हो रहा है। जहां पहले शाम के समय ठंडी बयार के बीच लोग सैर और आरती का आनंद लेते थे, वहीं अब गर्म हवाएं लोगों को ज्यादा देर तक रुकने नहीं दे रही हैं।
स्वास्थ्य विभाग ने भी लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। विशेषज्ञों का कहना है कि दोपहर के समय घर से बाहर निकलने से बचें, अधिक पानी पिएं और धूप से बचाव के उपाय अपनाएं। खासकर बुजुर्गों और बच्चों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।
मौसम विभाग के अनुसार फिलहाल आने वाले दिनों में गर्मी से राहत के कोई संकेत नहीं हैं। ऐसे में संभावना जताई जा रही है कि कुछ और दिनों तक अस्सी घाट पर यही सन्नाटा बना रह सकता है और सामान्य स्थिति लौटने में समय लग सकता है।