
लखीमपुर खीरी। छात्रों पर हुए लाठीचार्ज को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं में भारी आक्रोश देखने को मिला। उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर मंगलवार को जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष प्रहलाद पटेल के नेतृत्व में कांग्रेसियों ने जिला अधिकारी कार्यालय के समक्ष धरना-प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए छात्रों पर की गई कार्रवाई को बर्बरतापूर्ण बताया। बाद में महामहिम राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन उप जिलाधिकारी को सौंपा गया।
धरना-प्रदर्शन को संबोधित करते हुए जिला कांग्रेस अध्यक्ष प्रहलाद पटेल ने कहा कि 11 जनवरी को वाराणसी में एसआईआर और वोट चोरी के विरोध में एनएसयूआई के कार्यकर्ता शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे थे, लेकिन प्रदेश सरकार के इशारे पर पुलिस ने एनएसयूआई कार्यकर्ताओं पर लाठीचार्ज किया। उन्होंने आरोप लगाया कि इस दौरान एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष वरुण चौधरी के साथ भी अभद्र व्यवहार किया गया, जो एक स्वस्थ लोकतंत्र में कतई स्वीकार्य नहीं है।
प्रहलाद पटेल ने कहा कि पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को लॉकअप में बंद किया और बाद में उनके घरों में घुसकर महिलाओं व बच्चों को भी परेशान किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है और आए दिन ऐसी घटनाएं सामने आ रही हैं, जिससे स्पष्ट है कि सरकार पूरी तरह विफल हो चुकी है। कांग्रेस पार्टी इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराकर दोषी अधिकारियों एवं पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करती है।
धरना-प्रदर्शन में मनरेगा बचाओ अभियान की जिला कोऑर्डिनेटर शिप्रा अवस्थी, मोहन चंद्र उप्रेती, रियाज अहमद मोनू, नवाज खान, कृष्ण किशोर मिश्रा, राजेश अवस्थी, पंकज शुक्ला, शिव सहाय सिंह, राजेंद्र गुप्ता, बिजेंद्र कुमार राठौर, सत्ती सरन, अकबर अली एडवोकेट, विपुल गुप्ता, महेश कुमार गौतम, अनंत राम गौतम, रामपाल शाक्य, लतीफ आजम, सलीम खान, राकेश मिश्रा सहित एनएसयूआई जिला अध्यक्ष गौरव मिश्रा, तरुण, शालू समेत सैकड़ों कांग्रेसजन उपस्थित रहे।