
बाराबंकी। जिले के टिकैतनगर थाना क्षेत्र में मंगलवार रात एक दर्दनाक हादसे ने दो परिवारों की खुशियां छीन लीं। टिकैतनगर-बारिनबाग मार्ग पर मैदीपुर मोड़ के पास सड़क किनारे खड़ा एक विशाल सूखा पेड़ अचानक ट्रैक्टर-ट्रॉली पर गिर पड़ा। हादसा इतना भीषण था कि ट्रॉली पर सवार दो मजदूरों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो अन्य लोग बाल-बाल बच गए। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी और चीख-पुकार मच गई।
जानकारी के अनुसार खेतासराय गांव निवासी 28 वर्षीय विकास रावत पुत्र रामतेज और 50 वर्षीय मैकू लाल पुत्र रामदास समेत चार लोग टिकैतनगर से सैटरिंग का सामान लेकर ट्रैक्टर-ट्रॉली से अपने गांव लौट रहे थे। रात करीब 8:30 बजे जैसे ही वाहन मैदीपुर मोड़ के पास पहुंचा, तभी सड़क किनारे वर्षों से खड़ा सूखा पेड़ अचानक तेज आवाज के साथ ट्रॉली पर भरभराकर गिर पड़ा।
पेड़ की भारी शाखाएं सीधे ट्रॉली पर गिरीं, जिससे विकास रावत और मैकू लाल गंभीर रूप से दब गए। हादसा देख मौके पर मौजूद लोगों में दहशत फैल गई। राहगीरों और ग्रामीणों ने तुरंत बचाव कार्य शुरू किया और पुलिस को सूचना दी।
सूचना मिलते ही टिकैतनगर पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की मदद से घायलों को एंबुलेंस से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र टिकैतनगर भेजा गया, जहां डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया।
मृतक मैकू लाल अपने पीछे भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। उनके तीन पुत्र मोनू, सोनू और प्रीत विवाहित हैं, जबकि करीब 18 वर्षीय पुत्री पुष्पा अभी अविवाहित है। हादसे की सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया और गांव में मातम पसर गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
स्थानीय लोगों ने सड़क किनारे खड़े सूखे पेड़ों को लेकर प्रशासन और संबंधित विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया है। लोगों का कहना है कि कई बार शिकायत के बावजूद सूखे पेड़ों को हटाने की कार्रवाई नहीं की गई। यदि समय रहते पेड़ हटवा दिए जाते तो दो लोगों की जान बच सकती थी।
फिलहाल पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले में आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।