
होली के रंगों के बीच इस बार लखनऊ की प्रसिद्ध मिठाई दुकान छप्पन भोग ने एक अनूठी पहल करते हुए ‘वसुधैव कुटुम्बकम’ थीम पर विशेष गुजिया तैयार की है। करीब 2 किलो वजनी यह खास गुजिया सिर्फ स्वाद ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया को एक परिवार मानने का संदेश भी दे रही है।
मार्केटिंग हेड क्षितिज के अनुसार, इस बार दुकान ने आकार या रिकॉर्ड से ज्यादा संदेश को प्राथमिकता दी है। उन्होंने कहा, “होली प्रेम, सौहार्द और मेल-मिलाप का त्योहार है। ऐसे में हमने ‘वसुधैव कुटुम्बकम’ की भावना को मिठास के जरिए लोगों तक पहुंचाने की कोशिश की है। हमारा उद्देश्य है कि त्योहार केवल रंगों तक सीमित न रहे, बल्कि दिलों को भी जोड़े।”
इस विशेष गुजिया की बनावट पारंपरिक है, लेकिन इसकी प्रस्तुति बेहद आकर्षक और संदेशपूर्ण है। गुजिया के ऊपरी हिस्से पर खाद्य रंगों और ड्रायफ्रूट्स की सजावट के माध्यम से विभिन्न संस्कृतियों और एकता के प्रतीक चिन्ह उकेरे गए हैं। अंदर की स्टफिंग में मावा, बादाम, पिस्ता, नारियल और केसर का संतुलित मिश्रण है, जो पारंपरिक स्वाद को बरकरार रखते हुए प्रीमियम अनुभव देता है।
क्षितिज ने बताया कि 2021 में ‘बाहुबली गुजिया’ बनाई गई थी, लेकिन इस बार दुकान ने संदेश को बड़ा और सार्थक बनाने का निर्णय लिया। “आकार बड़ा होना ही खासियत नहीं है, सोच बड़ी होना ज्यादा जरूरी है। इसलिए हमने इस बार वैश्विक एकता का संदेश देने वाली गुजिया बनाई है,” उन्होंने कहा।
दुकान ने इस थीम आधारित गुजिया की कीमत ग्राहकों की पसंद और सामग्री के अनुसार तय की है। प्रीमियम ऑर्डर पर विशेष ड्रायफ्रूट्स और कश्मीरी केसर के साथ इसे तैयार किया जा सकता है। साथ ही, विशेष पैकेजिंग के साथ यह कॉर्पोरेट गिफ्टिंग और पारिवारिक उपहार के लिए भी उपलब्ध है।
डिजिटल दौर को देखते हुए ऑर्डर की सुविधा ऑनलाइन और AI आधारित सिस्टम के माध्यम से भी उपलब्ध कराई गई है, जिससे ग्राहक अपनी पसंद के अनुसार आकार, सामग्री और डिजाइन चुन सकते हैं।
ग्राहकों में इस नई पहल को लेकर खासा उत्साह देखा जा रहा है। लोग इसे केवल मिठाई नहीं, बल्कि होली के अवसर पर एक सकारात्मक और प्रेरक संदेश के रूप में देख रहे हैं।
रंगों के इस त्योहार पर ‘वसुधैव कुटुम्बकम’ थीम की गुजिया यह याद दिला रही है कि पूरी दुनिया एक परिवार है—और मिठास बांटने से ही रिश्ते मजबूत होते हैं।