जौनपुर। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर समाज विकास क्रांति पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अशोक सिंह ने राष्ट्रभक्ति, शिक्षा और सैनिक सम्मान को एक साथ जोड़ते हुए विभिन्न कार्यक्रमों में सहभागिता की। अपने गांव के विद्यालय से लेकर विद्यार्थियों को प्रेरित करने और पूर्व सैनिकों के सम्मान तक, उनका पूरा दिन देशप्रेम और समाज के प्रति सम्मान की भावना को समर्पित रहा।सबसे पहले अशोक सिंह बरसठी विकासखंड के प्राथमिक विद्यालय चतुर्भुजपुर पहुंचे, जहां उन्होंने ध्वजारोहण किया। खास बात यह रही कि इसी विद्यालय में उन्होंने कभी प्राथमिक शिक्षा हासिल की थी। वर्षों बाद उसी विद्यालय में स्वतंत्रता दिवस पर तिरंगा फहराने का अवसर मिलने को उन्होंने अपने जीवन का भावुक और गौरवपूर्ण क्षण बताया।

ध्वजारोहण के बाद अशोक सिंह ने विद्यालय के बच्चों का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरणादायक कहानी सुनाकर मेहनत, लगन और देशप्रेम का संदेश दिया। इस दौरान बच्चों ने सांस्कृतिक एवं देशभक्ति से जुड़ी प्रस्तुतियां देकर कार्यक्रम में उत्साह भर दिया।
अशोक सिंह ने कहा कि जिस विद्यालय में उन्होंने शिक्षा हासिल की, उसी विद्यालय में आज ध्वजारोहण करना उनके लिए बेहद खुशी और गर्व की बात है। इसी विद्यालय से प्राथमिक शिक्षा लेकर उन्होंने जीवन में आगे बढ़ने का सफर शुरू किया और आज वह जिस मुकाम पर हैं, उसमें इस विद्यालय की नींव का महत्वपूर्ण योगदान है।

इसके बाद अशोक सिंह मड़ियाहूं स्थित चितरंजन कान्वेंट स्कूल पहुंचे। विद्यालय के ट्रस्टी दिलीप जायसवाल के साथ उन्होंने स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम में विद्यार्थियों को देश के प्रति जिम्मेदारी, अनुशासन और मेहनत के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर दोपहर में रामपुर में समाज विकास क्रांति पार्टी की ओर से सैनिकों के सम्मान में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें देश की सेवा कर चुके सेवानिवृत्त सैनिकों को सम्मानित किया गया। अशोक सिंह ने पूर्व सैनिकों को सम्मानित करते हुए उनके योगदान को देश के लिए गौरव बताया।
मीडिया से बातचीत में अशोक सिंह ने कहा कि सैनिक देश की सीमाओं पर दुश्मनों से देश की रक्षा करते हैं। उनके त्याग, साहस और समर्पण के कारण ही देशवासी सुरक्षित जीवन जी पाते हैं। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर सेवानिवृत्त सैनिकों का सम्मान करके समाज विकास क्रांति पार्टी स्वयं को गौरवान्वित महसूस कर रही है।
अशोक सिंह के स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रमों में शिक्षा के मंदिर से लेकर सैनिक सम्मान तक राष्ट्रप्रेम का संदेश दिखाई दिया। खासकर अपने ही विद्यालय में ध्वजारोहण कर उन्होंने यह संदेश दिया कि जिस मिट्टी और संस्थान ने जीवन की पहली सीख दी, उसे याद रखना और उसका सम्मान करना ही सच्ची सफलता की पहचान है।
स्वतंत्रता दिवस पर अशोक सिंह का यह पूरा कार्यक्रम राष्ट्रभक्ति, शिक्षा और समाज के प्रति सम्मान की भावना को समर्पित नजर आया।