
नई दिल्ली: तमिलनाडु में थलापति विजय राजनीति का मानों ककहरा सीख रहे हैं. सरकार बना लेना आसान है लेकिन सभी को साध कर चलना आसान नहीं होता, कई बार फैसले बदलने भी पड़ते हैं. एआईएडीएमके के बागी नेताओँ का साथ मिलने के बाद, सरकार बनी और इसके तुरंत बाद ही मुख्यमंत्री के तौर पर जोसेफ विजय ने अपने ज्योतिषी राधन पंडित वेत्रिवेल को ओएसडी के पद से हटा दिया. अचानक पलटे इस फैसले से हर कोई हैरान रह गया. हैरानी इसलिए हुई क्योंकि फ्लोर टेस्ट पास करते ही फैसला आया है.
थलापति के ओएसडी बनने के बाद से ही विपक्ष और सहयोगियों का विरोध देखने को मिला और टीवीके को अपना यह फैसला वापस लेना पड़ा जबकि एक दिन पहले ही मुख्यमंत्री विजय ने राधन पंडित को अपना ओएसडी नियुक्त किया था. गौरतलब है कि राधन पंडित वही ज्योतिष हैं जिन्होंने विधानसभा चुनावों में विजय की बड़ी जीत की भविष्यवाणी की थी. टीवीके गठन के बाद उन्हें पार्टी के आधिकारिक प्रवक्ताओं में से एक नियुक्त किया गया था. मुख्यमंत्री जोसेफ विजय के सबसे करीबी लोगों में वेट्ट्रीवेल का नाम आता था.
फिलहाल विजय के इस कदम से सियासी गलियारों में हलचल मच गई है. कोई कह रहा है कि विजय पर सहयोगी दलों का दबाव है जिसकी वजह से प्रभावित होकर उन्होंने यह फैसला लिया है तो कोई कह रहा है कि यह फैसला उनकी बेहतर समझ का परिणाम है हालांकि ओएसडी को हटाए जाने की वजह क्या है यह अभी तक साफ नहीं हो पाई