
लखनऊ। लखनऊ के गोमती नगर स्थित आईआईए भवन में बुधवार को इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन द्वारा आयोजित इंडिया फूड एक्सपो–2026 (IFX-26) के 11वें संस्करण का रोड शो एवं कर्टेन रेजर कॉन्फ्रेंस का सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ। यह एक्सपो 18 से 20 सितंबर 2026 तक रेगालिया ग्रीन्स में आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम में उद्योग, निवेश, खाद्य प्रसंस्करण और एमएसएमई क्षेत्र से जुड़े अनेक गणमान्य लोग शामिल हुए।
कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश सरकार के उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग के अपर मुख्य सचिव बीएल मीणा वर्चुअल माध्यम से जुड़े। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र की अपार संभावनाएं हैं और राज्य सरकार इस सेक्टर को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने सरकार की प्राथमिकताओं और उद्योगोन्मुख नीतियों पर भी विस्तार से प्रकाश डाला।
एफएसएसएआई के सहायक आयुक्त (फूड) विनीत पांडेय ने इंडिया फूड एक्सपो–2026 को उत्तर प्रदेश के विकास के लिए महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि विभाग खाद्य गुणवत्ता परीक्षण, सुरक्षा मानकों, अनुपालन प्रक्रियाओं और शुल्क संबंधी मामलों में उद्यमियों को हर आवश्यक सहयोग देगा। साथ ही उन्होंने खाद्य सुरक्षा जागरूकता बढ़ाने में IIA की भूमिका की सराहना की। इस अवसर पर IFX-2026 का लोगो, ब्रोशर, डिजिटल कैंपेन और वेबसाइट लॉन्च की गई। प्रस्तुति के दौरान एक्सपो की प्रमुख विशेषताओं जैसे B2B एवं B2G कनेक्ट अवसर, फ्रेंचाइजी संभावनाएं, सेमिनार और अंतरराष्ट्रीय सहभागिता की जानकारी दी गई।
नई आयोजन समिति का हुआ गठन
आईआईए के राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष अवधेश अग्रवाल ने IFX-2026 की नई आयोजन समिति की घोषणा की। विकास खन्ना को इंडिया फूड एक्सपो–2026 के 11वें संस्करण का चेयरमैन बनाया गया। वहीं वैभव अग्रवाल और विधु गुप्ता को डिप्टी चेयरमैन की जिम्मेदारी सौंपी गई। नई टीम को मार्गदर्शन देने के लिए पूर्व चेयरमैन चेतन देव भल्ला और IIA उपाध्यक्ष सूर्य प्रकाश हवेलिया को सलाहकार नियुक्त किया गया।
आयोजन समिति में अनिल गुप्ता, मनीष गोयल, के.के. अग्रवाल, राजीव बंसल, अल्केश सोती, राजेश तिवारी, राजीव जैन, अदनान दानिश और IYC कैप्टन दिविर सहित कई वरिष्ठ उद्यमियों और पदाधिकारियों की भागीदारी रही।
MSME को मिलेगा वैश्विक बाजार
चेयरमैन विकास खन्ना ने अपने संबोधन में कहा कि इंडिया फूड एक्सपो–2026 उत्तर प्रदेश सरकार के 75 हजार नई फूड प्रोसेसिंग यूनिट स्थापित करने के विजन को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि यह मंच MSME को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय बाजार, तकनीक, निवेश, ब्रांडिंग और निर्यात अवसरों से जोड़ेगा। प्रेस कॉन्फ्रेंस में जानकारी दी गई कि इस वर्ष एक्सपो में 160 से अधिक डिस्ट्रीब्यूटर्स के भाग लेने की संभावना है।
साथ ही 35 से अधिक देशों के दूतावासों को आमंत्रित किया जा रहा है। उत्तर प्रदेश के अलावा उत्तराखंड, दिल्ली, मध्य प्रदेश और बिहार से भी बड़े स्तर पर भागीदारी होने की उम्मीद है। पिछली बार एक्सपो से लगभग 350 करोड़ रुपये का व्यवसायिक परिणाम सामने आया था, जबकि इस वर्ष 700 करोड़ रुपये से अधिक के B2B कारोबार की संभावना जताई गई।
IFX-2026 MSME को देगा मजबूत मंच
आईआईए के महासचिव दीपक कुमार बजाज ने कहा कि उत्तर प्रदेश खाद्य उत्पादों का अग्रणी उत्पादक होने के बावजूद उचित पैकेजिंग और ब्रांडिंग के अभाव में राष्ट्रीय और वैश्विक स्तर पर मजबूत पहचान नहीं बना पाया है। इंडिया फूड एक्सपो–2026 MSME को इस दिशा में सशक्त मंच प्रदान करेगा। वहीं आईआईए के राष्ट्रीय अध्यक्ष दिनेश गोयल ने कहा कि इंडिया फूड एक्सपो–2026 केवल एक प्रदर्शनी नहीं बल्कि आर्थिक विकास, रोजगार सृजन और कृषि वैल्यू एडिशन का बड़ा मंच है।