मौत को दावत देती डबल डेकर बसें: गोंडा से रामनगर चौराहा होकर रोज निकलती हैं सैकड़ों बसें, एसपी-एआरटीओ बोले- होगी सख्त कार्रवाई

रामनगर बाराबंकी। जिले की सड़कों पर दौड़ रहीं प्राइवेट डबल-डेकर बसें यात्रियों के लिए खतरा बनती जा रही हैं। गोंडा से चलकर रामनगर चौराहा होते हुए लखनऊ, दिल्ली, बहराइच व अयोध्या रूट पर रोजाना सैकड़ों डबल-डेकर बसें गुजरती हैं। नियमों को ताक पर रखकर चल रहीं ये बसें आए दिन हादसों को दावत दे रही हैं।

रविवार को शहर के रामनगर चौराहे पर शांति ट्रैवल्स की डबल-डेकर बस तेज रफ्तार में दौड़ती दिखी। बस के दोनों डेक यात्रियों से खचाखच भरे थे और कई यात्री खिड़कियों से बाहर झांकते नजर आए। काले बादलों और बारिश के बीच भी बस की रफ्तार कम नहीं थी।

रामनगर चौराहा बना डेंजर जोन
स्थानीय लोगों के मुताबिक गोंडा-बहराइच से आने वाली ज्यादातर डबल-डेकर बसें रामनगर चौराहा होकर ही गुजरती हैं। यहां सुबह 4 बजे से रात 11 बजे तक बसों का जमावड़ा रहता है। ओवरलोडिंग और तेज रफ्तार के कारण यहां आए दिन जाम और दुर्घटना की स्थिति बनती है।

अब तक हो चुके हैं कई बड़े हादसे
बाराबंकी-लखनऊ, बाराबंकी-बहराइच और रामनगर-हैदरगढ़ मार्ग पर पिछले एक साल में डबल-डेकर बसों से आधा दर्जन से अधिक हादसे हो चुके हैं।

  1. मार्च 2026 रामसनेहीघाट में डबल-डेकर बस पलटने से 3 की मौत, 20 घायल।
  2. मई 2026 देवा रोड पर अनियंत्रित बस ने बाइक सवार को रौंदा, मौके पर मौत।
  3. जून 2026: हैदरगढ़ में ओवरटेक के चक्कर में डबल-डेकर बस डिवाइडर से टकराई, 12 यात्री घायल।

मानकों की उड़ रहीं धज्जियां
आरटीओ विभाग के नियमानुसार डबल-डेकर बस में अधिकतम 80 सवारी बैठ सकती हैं, लेकिन 120 तक भरी जा रही हैं। बसों की छतों पर भी बोरों में सामान लादकर ले जाया जा रहा है, जिससे संतुलन बिगड़ने का खतरा रहता है।

क्या कहते हैं लोग:
ड्राइवर ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि
“मालिकों का दबाव रहता है कि टाइम से लखनऊ पहुंचो। गोंडा से रामनगर तक तो फिर भी ठीक है, लेकिन रामनगर चौराहा पार करते ही सवारी भरने का दबाव आ जाता है। बस में 80 की जगह 120 सवारी तक भरते हैं।”
स्थानीय डॉ बी पी सिंह ने कहा कि रामनगर चौराहे पर
रोज सुबह से ही बसों की लाइन लग जाती है। ड्राइवर साइड में बस रोककर सवारी भरते हैं, जिससे जाम लगता है। कई बार तो बच्चे खिड़की से बाहर लटकते दिखते हैं।”

पुलिस क्षेत्राधिकारी गरिमा पंत ने कहा
“डबल-डेकर बसों से हो रहे हादसों को गंभीरता से लिया गया है। रामनगर चौराहे समेत सभी प्रमुख मार्गों पर ट्रैफिक पुलिस के साथ संयुक्त टीमें तैनात की जाएंगी। ओवरलोडिंग, तेज रफ्तार और शराब पीकर वाहन चलाने वालों पर जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाएगी। बस ऑपरेटरों को चेतावनी दी गई है कि नियम तोड़ने पर बस सीज कर एफआईआर दर्ज की जाएगी। यात्री सुरक्षा हमारी पहली प्राथमिकता है।

बाराबंकी एआरटीओ प्रवर्तन अरविंद कुमार ने कहा
“गोंडा रूट से रामनगर चौराहा होकर गुजरने वाली डबल-डेकर बसों की लगातार शिकायतें मिल रही हैं। रामनगर समेत सभी चौराहे पर स्पेशल चेकिंग अभियान चलाया जाएगा। ओवरलोडिंग व फिटनेस फेल बसों को मौके पर ही सीज कर परमिट निरस्त किया जाएगा।”