दिल्ली पुलिस ने कहा- पुलिस आयुक्त को NSA के तहत शक्तियां देना नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया, CJP प्रदर्शन से पहले ही जारी हो चुका था आदेश

नई दिल्ली/अमर भारती। राजधानी दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के विरोध-प्रदर्शन के बीच राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (NSA), 1980 को लेकर सोशल मीडिया और कुछ मीडिया रिपोर्टों में किए जा रहे दावों पर दिल्ली पुलिस ने आधिकारिक स्पष्टीकरण जारी किया है। पुलिस ने उन दावों को भ्रामक बताया है, जिनमें कहा गया था कि CJP के प्रदर्शन को नियंत्रित करने के लिए दिल्ली पुलिस आयुक्त को NSA के तहत विशेष शक्तियां दी गई हैं।
दिल्ली पुलिस के अनुसार, पुलिस आयुक्त को NSA के तहत निरोध प्राधिकारी (Detaining Authority) की शक्तियां प्रदान करना कोई नया या असाधारण फैसला नहीं है। पुलिस ने स्पष्ट किया कि यह हर तीन महीने में होने वाली नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया का हिस्सा है।
7 जुलाई को जारी हुआ था आदेश
दिल्ली पुलिस ने बताया कि मौजूदा आदेश 7 जुलाई 2026 को जारी किया गया था। यह आदेश 19 जुलाई से 18 अक्टूबर 2026 तक प्रभावी रहेगा। पुलिस के मुताबिक, आदेश CJP के विरोध-प्रदर्शन शुरू होने से पहले ही जारी किया जा चुका था।
इसी आधार पर दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन और NSA से जुड़ी शक्तियों के नवीनीकरण के बीच किसी भी सीधे संबंध से इनकार किया है। पुलिस का कहना है कि इस नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया को मौजूदा विरोध-प्रदर्शन से जोड़कर पेश किया गया, जिससे लोगों के बीच भ्रम की स्थिति पैदा हुई।
‘CJP Protest से कोई संबंध नहीं’
दिल्ली पुलिस ने कहा कि मौजूदा परिस्थितियों में पुलिस आयुक्त को NSA के तहत शक्तियां देने के लिए किसी विशेष अनुरोध या असाधारण प्रक्रिया का सहारा नहीं लिया गया। पुलिस के अनुसार, यह सामान्य प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत किया जाने वाला नियमित नवीनीकरण है। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि कुछ मीडिया रिपोर्टों में इस प्रक्रिया को CJP विरोध-प्रदर्शनों से जोड़कर पेश किया गया, जो तथ्यों के अनुरूप नहीं है। दिल्ली पुलिस ने कहा कि NSA से संबंधित आदेश को प्रदर्शन की मौजूदा परिस्थितियों के संदर्भ में देखना भ्रामक है।
CJP Protest के दौरान तनाव बरकरार
इस बीच, राजधानी दिल्ली में CJP का विरोध-प्रदर्शन जारी है। प्रदर्शन के दौरान संसद मार्ग और जंतर-मंतर के आसपास कई बार तनावपूर्ण स्थिति बनी। प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच झड़प की घटनाएं भी सामने आईं। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए दिल्ली पुलिस और रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) को तैनात किया गया। कुछ स्थानों पर भीड़ को नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े गए। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती भी की गई।
दिल्ली पुलिस ने NSA पर क्या कहा?
दिल्ली पुलिस के स्पष्टीकरण के प्रमुख बिंदु इस प्रकार हैं:
- NSA के तहत पुलिस आयुक्त को दी गई शक्तियों को लेकर किए जा रहे दावे भ्रामक हैं।
- मौजूदा आदेश 7 जुलाई 2026 को जारी किया गया था।
- आदेश 19 जुलाई से 18 अक्टूबर 2026 तक प्रभावी रहेगा।
- NSA के तहत निरोध प्राधिकारी की शक्तियों का नवीनीकरण हर तीन महीने में नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत होता है।
- यह आदेश CJP विरोध-प्रदर्शन शुरू होने से पहले ही जारी किया गया था।
- पुलिस ने कहा कि इस आदेश का CJP प्रदर्शन से कोई संबंध नहीं है।
- प्रदर्शन के दौरान संसद मार्ग और जंतर-मंतर इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रखी गई।
दिल्ली पुलिस के इस स्पष्टीकरण के बाद NSA की शक्तियों और CJP प्रदर्शन के बीच सीधे संबंध को लेकर सामने आए दावों पर स्थिति स्पष्ट हो गई है। हालांकि, राजधानी में CJP का प्रदर्शन जारी रहने के कारण संसद मार्ग और जंतर-मंतर समेत संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था अब भी कड़ी बनी हुई है।
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