
बाराबंकी। साइबर जालसाजों ने अब पुलिस अधिकारियों के नाम और तस्वीरों का इस्तेमाल कर ठगी का नया तरीका अपनाया है। बाराबंकी में फतेहपुर सर्किल के सीओ जगत राम कनौजिया के नाम से फर्जी इंस्टाग्राम आईडी बनाकर लोगों से रुपये मांगने का मामला सामने आया है।
जालसाज ने सीओ की वर्दी वाली फोटो लगाकर इंस्टाग्राम पर फर्जी प्रोफाइल तैयार की। इसके बाद सीओ के परिचितों और संभ्रांत लोगों को मैसेज भेजकर आर्थिक मदद के नाम पर रुपये मांगे गए। कुछ लोगों को मैसेज संदिग्ध लगा तो उन्होंने सीओ से संपर्क कर इसकी जानकारी दी। इसके बाद फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ।
मामले की जानकारी मिलते ही सीओ जगत राम कनौजिया ने साइबर क्राइम थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने फर्जी इंस्टाग्राम अकाउंट को ब्लॉक कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। साथ ही अकाउंट संचालित करने वाले व्यक्ति की पहचान के लिए तकनीकी माध्यमों से जांच की जा रही है।
सीओ ने लोगों से अपील की है कि उनके नाम या फोटो से आने वाले किसी भी ऐसे मैसेज पर भरोसा न करें, जिसमें रुपये भेजने के लिए कहा गया हो। किसी भी तरह की आर्थिक मदद करने से पहले संबंधित व्यक्ति से सीधे फोन पर संपर्क कर पुष्टि करें।
बाराबंकी पुलिस ने भी लोगों को सोशल मीडिया पर फर्जी प्रोफाइल और संदिग्ध मैसेज से सावधान रहने की सलाह दी है। पुलिस के मुताबिक, साइबर ठगी से बचने के लिए किसी अनजान व्यक्ति को ओटीपी, बैंक संबंधी जानकारी या रुपये ट्रांसफर न करें। सीओ के नाम से फर्जी इंस्टाग्राम आईडी, परिचितों से मांगे रुपये
बाराबंकी। साइबर जालसाजों ने अब पुलिस अधिकारियों के नाम और तस्वीरों का इस्तेमाल कर ठगी का नया तरीका अपनाया है। बाराबंकी में फतेहपुर सर्किल के सीओ जगत राम कनौजिया के नाम से फर्जी इंस्टाग्राम आईडी बनाकर लोगों से रुपये मांगने का मामला सामने आया है।
जालसाज ने सीओ की वर्दी वाली फोटो लगाकर इंस्टाग्राम पर फर्जी प्रोफाइल तैयार की। इसके बाद सीओ के परिचितों और संभ्रांत लोगों को मैसेज भेजकर आर्थिक मदद के नाम पर रुपये मांगे गए। कुछ लोगों को मैसेज संदिग्ध लगा तो उन्होंने सीओ से संपर्क कर इसकी जानकारी दी। इसके बाद फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ।
मामले की जानकारी मिलते ही सीओ जगत राम कनौजिया ने साइबर क्राइम थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने फर्जी इंस्टाग्राम अकाउंट को ब्लॉक कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। साथ ही अकाउंट संचालित करने वाले व्यक्ति की पहचान के लिए तकनीकी माध्यमों से जांच की जा रही है।
सीओ ने लोगों से अपील की है कि उनके नाम या फोटो से आने वाले किसी भी ऐसे मैसेज पर भरोसा न करें, जिसमें रुपये भेजने के लिए कहा गया हो। किसी भी तरह की आर्थिक मदद करने से पहले संबंधित व्यक्ति से सीधे फोन पर संपर्क कर पुष्टि करें।
बाराबंकी पुलिस ने भी लोगों को सोशल मीडिया पर फर्जी प्रोफाइल और संदिग्ध मैसेज से सावधान रहने की सलाह दी है। पुलिस के मुताबिक, साइबर ठगी से बचने के लिए किसी अनजान व्यक्ति को ओटीपी, बैंक संबंधी जानकारी या रुपये ट्रांसफर न करें।