
लखनऊ, 26 अगस्त। नेपाल में आई भीषण बाढ़ और प्राकृतिक आपदा के बीच उत्तर प्रदेश सरकार ने नेपाल में फंसे प्रदेश के नागरिकों की मदद के लिए हेल्पलाइन नंबर 1070 जारी किया है। राहत आयुक्त कार्यालय के मुताबिक, नेपाल में फंसे किसी यूपी निवासी को सहायता की आवश्यकता है या उसके परिजन उससे संपर्क नहीं कर पा रहे हैं तो तत्काल 1070 हेल्पलाइन पर सूचना दी जा सकती है। सरकार ने नागरिकों की सुरक्षित वापसी और उन्हें आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने के लिए भारत और नेपाल के दूतावासों के स्तर पर भी संपर्क शुरू किया है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर राहत आयुक्त कार्यालय ने भारत और नेपाल के दूतावासों से संपर्क किया है। दोनों दूतावासों से कहा गया है कि नेपाल में फंसे उत्तर प्रदेश के नागरिकों से जुड़ी जानकारी मिलने पर उसे तत्काल यूपी के राहत आयुक्त कार्यालय के साथ साझा किया जाए, ताकि संबंधित व्यक्ति तक जल्द से जल्द मदद पहुंचाई जा सके। प्रदेश सरकार ने नेपाल में फंसे नागरिकों के परिजनों से अपील की है कि वे बिना किसी देरी के हेल्पलाइन नंबर 1070 पर संपर्क करें।

नेपाल के रसुवा क्षेत्र में भोटेकोशी नदी में आई भीषण बाढ़ के बाद उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती जिलों महराजगंज और कुशीनगर में भी सतर्कता बढ़ा दी गई है। मुख्यमंत्री ने नेपाल में हुई क्षति को चिंताजनक बताते हुए दोनों जिलों के प्रशासन को आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। प्रशासन को गंडक और नारायणी नदियों के जलस्तर पर लगातार नजर रखने तथा किसी भी संभावित स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने को कहा गया है।
इसी बीच नेपाल की राजधानी काठमांडू स्थित भारतीय दूतावास ने भी नेपाल में फंसे भारतीय नागरिकों की सहायता के लिए इमरजेंसी नंबर जारी किए हैं। ये नंबर WhatsApp पर भी उपलब्ध हैं। जरूरत पड़ने पर भारतीय नागरिक इन नंबरों पर संपर्क कर सकते हैं। भारतीय दूतावास के इमरजेंसी नंबर +977 985 131 6807, +977 970 910 7500 और +977 981 032 6117 हैं।
नेपाल में लगातार बिगड़ते हालात के बीच भारत सरकार ने भी राहत और बचाव प्रयास तेज कर दिए हैं। भारत की ओर से नेपाल के लिए 10 टन राहत सामग्री और दवाएं रवाना की गई हैं, ताकि प्राकृतिक आपदा से प्रभावित लोगों को तत्काल आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
उत्तर प्रदेश सरकार ने सीमावर्ती जिलों के प्रशासन को स्थिति पर लगातार नजर रखने और जरूरत पड़ने पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। सरकार का फोकस नेपाल में फंसे यूपी के नागरिकों की जानकारी जुटाने, उन्हें सुरक्षित सहायता उपलब्ध कराने और जरूरत पड़ने पर उनकी वापसी सुनिश्चित करने पर है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नेपाल में आपदा से प्रभावित लोगों के सकुशल रहने की प्रार्थना भी की है।