कोल्ड स्टोरेज से अमोनिया गैस का रिसाव, गांव छोड़कर भागे ग्रामीण; कई की तबीयत बिगड़ी, कुछ बेहोश

पिनाहट। ब्लॉक क्षेत्र के गांव कुकथरी में स्थित समाधियां कोल्ड स्टोरेज से देर रात अचानक अमोनिया गैस का रिसाव होने से पूरे गांव में अफरा-तफरी मच गई। तेज बदबू फैलते ही ग्रामीणों को घबराहट, आंखों में जलन और सांस लेने में परेशानी होने लगी। हालात ऐसे हो गए कि कई ग्रामीण घर छोड़कर बाहर भागने लगे, जबकि कुछ लोग बेहोश भी हो गए।
सूचना मिलते ही एंबुलेंस की मदद से पीड़ितों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पिनाहट में भर्ती कराया गया। कोल्ड स्टोर पर काम करने वाला मोहम्मद सलीम निवासी नवाबगंज बरेली गैस की बदबू से बेहोश हो गया। इसके अलावा पार्थ (12) पुत्र रामसजन, माधव (8) पुत्र रामसजन, सोनी (25) पुत्र सुभाष, आयुषी (14) पुत्री राकेश, परी पुत्री रविकांत शर्मा, रेनू पुत्री रामसजन और पूनम पुत्री सुभाष को भी अस्पताल में भर्ती कराया गया।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. प्रमोद कुशवाहा के अनुसार सभी मरीजों को घबराहट और सांस लेने में परेशानी की शिकायत थी। प्राथमिक उपचार के बाद सभी की हालत सामान्य बताई गई है।
घटना की सूचना मिलते ही देर रात जिलाधिकारी अरविंद मलप्पा बंगारी, एडिशन सीपी रामवदन सिंह और डीसीपी पूर्वी अभिषेक अग्रवाल सहित पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया। एहतियात के तौर पर गांव कुकथरी को खाली कराया गया और ग्रामीणों को नजदीकी गांव में पहुंचाया गया। इसके बाद प्रशासन ने रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर राहत कार्य शुरू कराया।
स्थानीय पुलिस के अनुसार अमोनिया गैस रिसाव की सूचना रात करीब 11 बजे मिली थी। पुलिस और प्रशासनिक टीम ने मौके पर पहुंचकर हालात को नियंत्रित किया और घायलों को अस्पताल पहुंचाया। करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद गैस रिसाव पर काबू पा लिया गया। इस घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई है।
हालांकि इस घटना ने गांव में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है। कुकथरी गांव में दो कोल्ड स्टोरेज संचालित हैं और इस समय आलू भंडारण का सीजन चल रहा है, जिसके कारण मजदूरों की भीड़ रहती है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते गैस रिसाव पर काबू नहीं पाया जाता तो बड़ा हादसा हो सकता था और कई लोगों की जान भी जा सकती थी।
अमोनिया गैस की बदबू फैलने के दौरान कई ग्रामीणों ने मुंह पर साफी बांधकर मौके के वीडियो बनाए और उन्हें सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। घटना के बाद गांव के लोग अभी भी दहशत में हैं और प्रशासन से सुरक्षा व्यवस्था और जांच की मांग कर रहे हैं।