घाघरा नदी का बढ़ा जलस्तर: SDM रामनगर ने तपेसिपाह गांव का किया दौरा, अधिकारियों को दिए निर्देश

बाराबंकी। पहाड़ों पर लगातार हो रही बारिश के चलते घाघरा नदी का जलस्तर बढ़ने लगा है। खतरे को देखते हुए उपजिलाधिकारी रामनगर ने गुरुवार को तटवर्ती ग्राम तपेसिपाह का स्थलीय निरीक्षण किया और बाढ़ से बचाव की तैयारियों का जायजा लिया। एसडीएम ने तपेसिपाह पहुंचकर नदी के किनारे हो रहे कटान का निरीक्षण किया। उन्होंने राजस्व व सिंचाई विभाग की टीम को निर्देश दिया कि संवेदनशील स्थानों पर 24 घंटे निगरानी रखी जाए। नदी के जलस्तर की हर घंटे मॉनिटरिंग कर रिपोर्ट तहसील कंट्रोल रूम को भेजने को कहा।

ग्रामीणों को किया सतर्क

निरीक्षण के दौरान उपजिलाधिकारी ने ग्रामीणों से मुलाकात कर उन्हें सतर्क रहने को कहा। उन्होंने बताया कि प्रशासन ने सभी बाढ़ चौकियों को सक्रिय कर दिया है। नाव, लाइफ जैकेट, टॉर्च और रस्से समेत राहत-बचाव की सभी सामग्री तैयार रखी गई है।

अधिकारियों को दिए निर्देश

  1. लेखपाल व ग्राम सचिव प्रतिदिन गांव की स्थिति से अवगत कराएं।
  2. स्वास्थ्य विभाग बुखार, डायरिया व सर्पदंश की दवाओं के साथ टीम तैनात रखे।
  3. पशुपालन विभाग भूसा-चारा व पशुओं के टीकाकरण की व्यवस्था करे।
  4. खतरे के निशान तक पानी पहुंचते ही लोगों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया जाए।

कंट्रोल रूम सक्रिय

एसडीएम ने कहा कि केंद्रीय जल आयोग एल्गिन ब्रिज से लगातार जलस्तर की सूचना ले रहा है। अभी घाघरा खतरे के निशान से नीचे है, लेकिन बढ़ोतरी जारी है। प्रशासन ने तपेसिपाह के साथ-साथ बेलहरी, कोटवा, सरयू नगर आदि तटवर्ती गांवों में भी अलर्ट जारी किया है। इस दौरान तहसीलदार रामनगर, नायब तहसीलदार, खंड विकास अधिकारी, एडीओ पंचायत, लेखपाल व सिंचाई विभाग के जेई मौजूद रहे।