करनाल में बीरू वाल्मीकि हत्याकांड के बाद पुलिस की बड़ी कार्रवाई

नई दिल्ली/अमर भारती। हरियाणा के करनाल में बुधवार रात हुए बीरू वाल्मीकि हत्याकांड के बाद पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए गुरुवार देर रात दो मुख्य आरोपियों का एनकाउंटर कर दिया। पुलिस और बदमाशों के बीच गांव घोगरिपुर के पास मुठभेड़ हुई, जिसमें दोनों आरोपी गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस उन्हें तुरंत अस्पताल लेकर पहुंची, जहां डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। मृत आरोपियों की पहचान नीलोखेड़ी निवासी हर्ष और कैथल के गांव मटरवा खेड़ी निवासी बीरबल के रूप में हुई है। पुलिस इस पूरे मामले की जांच में जुटी है और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की भी पड़ताल कर रही है।
कैसे हुई पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़?
जानकारी के अनुसार, पुलिस को आरोपियों की लोकेशन मिलने के बाद गांव घोगरिपुर के पास घेराबंदी की गई। इस दौरान आरोपियों ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी गोलियां चलाईं, जिसमें दोनों आरोपी घायल हो गए। उन्हें इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस कार्रवाई के बाद पूरे इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।
सोशल मीडिया पर ली गई थी हत्या की जिम्मेदारी
बीरू वाल्मीकि की हत्या के बाद सोशल मीडिया पर “समाना” नाम से एक युवक ने पोस्ट साझा कर इस वारदात की जिम्मेदारी ली थी। पोस्ट में दावा किया गया कि इंस्टाग्राम पर हुए विवाद के चलते बीरू वाल्मीकि की हत्या की गई। इसके अलावा सोशल मीडिया पर दो अलग-अलग गैंगों की ओर से भी हत्या की जिम्मेदारी लेने संबंधी पोस्ट वायरल हुईं। हालांकि पुलिस इन पोस्टों की सत्यता और इनके पीछे की वास्तविक साजिश की जांच कर रही है।
परिवार और समाज ने किया जोरदार प्रदर्शन
हत्या के बाद मृतक के परिजनों और समाज के लोगों में भारी आक्रोश देखने को मिला। पोस्टमार्टम के बाद बुधवार देर शाम परिजनों ने शव लेने से इनकार कर दिया और करनाल के आंबेडकर चौक पर धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया।
प्रदर्शनकारियों ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और एनकाउंटर की मांग की। बड़ी संख्या में समाज के लोग मुर्दाघर के बाहर एकत्रित रहे। विधायक जगमोहन आनंद और डीएसपी संदीप कुमार ने परिजनों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे अपनी मांगों पर अड़े रहे।
सात महीने पहले हुई थी शादी, पत्नी का छलका दर्द
बीरू वाल्मीकि की शादी करीब सात महीने पहले ममता से हुई थी। पति की हत्या के बाद उनकी पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल है। वह हाथों में शादी की मेहंदी और सिर पर जूड़ा बांधे धरना स्थल पर बैठी रहीं। पत्नी ने भावुक होते हुए कहा कि बीरू हरिद्वार जाने की बात कर रहा था, लेकिन भगवान उसे हमेशा के लिए अपने पास बुला ले गए। उन्होंने कहा कि जब तक आरोपियों का एनकाउंटर नहीं होगा, तब तक वे शव का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। पत्नी ने कहा, “हमें खून के बदले खून चाहिए।”
पुलिस की कार्रवाई के बाद बदला माहौल
गुरुवार देर रात पुलिस द्वारा दोनों आरोपियों के एनकाउंटर की खबर सामने आने के बाद पूरे मामले ने नया मोड़ ले लिया। हालांकि पुलिस की ओर से पूरे घटनाक्रम को लेकर विस्तृत आधिकारिक जानकारी जारी किए जाने की प्रतीक्षा है। वहीं, सोशल मीडिया पर वायरल दावों और गैंग कनेक्शन की भी जांच की जा रही है।
इस घटना ने करनाल सहित पूरे हरियाणा में कानून-व्यवस्था और गैंगवार को लेकर नई बहस छेड़ दी है। पुलिस का कहना है कि मामले से जुड़े हर पहलू की निष्पक्ष जांच की जा रही है और यदि किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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