
अछनेरा (आगरा): लगातार हो रही बारिश के बीच बुधवार रात अछनेरा ब्लॉक के नगला पुना गांव में एक जर्जर मकान की छत भरभराकर गिर गई। हादसे के समय कमरे में खाट पर सो रही 35 वर्षीय नीलम पत्नी सुनील सिंह मलबे में दबकर गंभीर रूप से घायल हो गईं, जबकि उनके साथ मौजूद 10 वर्षीय पुत्र अमर और सात वर्षीय पुत्री पवित्रा बाल-बाल बच गए। घायल महिला का आगरा के हरिपर्वत स्थित एक निजी अस्पताल में उपचार चल रहा है।
जानकारी के अनुसार, बुधवार रात करीब नौ बजे लगातार बारिश के कारण मकान की कमजोर छत अचानक ढह गई। छत का अधिकांश मलबा नीलम के ऊपर गिरा, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गईं। हादसे के समय उनके पति सुनील सिंह कोल्ड स्टोरेज में मजदूरी करने गए थे। घटना की सूचना मिलते ही ग्रामीण और परिजन मौके पर पहुंचे और मलबे से महिला को बाहर निकालकर पहले स्थानीय अस्पताल ले गए, जहां से प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें आगरा रेफर कर दिया गया।
पीड़िता के देवर मोहन सिंह ने आरोप लगाया कि करीब छह माह पहले प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत इस जर्जर मकान के स्थान पर नया आवास स्वीकृत होने की बात कही गई थी। प्रधान और सचिव वीरेंद्र चाहर ने मौके का निरीक्षण भी किया था, लेकिन निर्माण कार्य शुरू नहीं कराया गया। उनका कहना है कि पूरी प्रक्रिया केवल कागजों तक सीमित रह गई, जिसके कारण परिवार आज भी जर्जर मकान में रहने को मजबूर था और यह हादसा हो गया।
ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता देने तथा स्वीकृत आवास का निर्माण जल्द शुरू कराने की मांग की है। उधर, उपजिलाधिकारी के निर्देश पर लेखपाल रूपेश सिंह ने मौके पर पहुंचकर क्षति का निरीक्षण किया और अपनी जांच रिपोर्ट उपजिलाधिकारी को सौंप दी है।