नगर-निगम सदन की बैठक: सभी प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित, विकास और जनहित को मिली नई गति

लखनऊ। नगर निगम लखनऊ में महापौर सुषमा खर्कवाल की अध्यक्षता में सदन की महत्वपूर्ण बैठक सम्पन्न हुई। इस अवसर पर कार्यकारिणी उपाध्यक्ष चरनजीत गांधी, नगर आयुक्त गौरव कुमार सहित सभी पार्षद एवं अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में शहर के विकास, स्वच्छता और जनहित से जुड़े विभिन्न प्रस्तावों पर चर्चा के बाद उन्हें सर्वसम्मति से पारित किया गया। वहीं इस दौरान शहर के सभी विकसित पार्कों में सोलर लाइट लगाने का प्रस्ताव सदन द्वारा पारित किया गया। इससे ऊर्जा संरक्षण के साथ-साथ पार्कों की सुरक्षा और सुविधाओं में सुधार होगा। इस निर्णय को शहर के सतत विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

टैक्स वसूली को लेकर महापौर के कड़े निर्देश

कूड़ा प्रबंधन व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए नगर क्षेत्र में सभी ट्रांसफर स्टेशनों के निर्माण कार्य को 30 अप्रैल 2026 तक पूरा करने का प्रस्ताव भी सर्वसम्मति से पारित किया गया। इससे कचरा निस्तारण की प्रक्रिया और अधिक व्यवस्थित होगी। सदन में महापौर सुषमा खर्कवाल ने सभी टैक्स इंस्पेक्टरों को सख्त निर्देश दिए कि किसी भी प्राइवेट व्यक्ति के माध्यम से टैक्स वसूली न कराई जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जो भी कर्मचारी बिल वितरण या टैक्स वसूली के लिए घर-घर जाएगा, वह अनिवार्य रूप से अपना पहचान पत्र (आईडी कार्ड) पहनकर जाए। महापौर ने चेतावनी दी कि बिना आईडी कार्ड के यदि कोई व्यक्ति नागरिकों के घर जाता पाया गया तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

स्कूल भवनों के पुनर्मूल्यांकन का प्रस्ताव पारित

शहर के सभी स्कूल भवनों का 15 मई 2026 तक पुनर्मूल्यांकन कराने का प्रस्ताव भी सदन द्वारा पारित किया गया। किसी भी प्रकार की गड़बड़ी मिलने पर संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी। यह निर्णय विद्यार्थियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।

सरकारी भूमि की सुरक्षा और वापसी का प्रस्ताव मंजूर

सदन में सरकारी भूमि से जुड़े मामलों पर भी महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। दीनदयाल उपाध्याय सेवा न्यास से संबंधित भूमि वापसी का प्रस्ताव पारित किया गया। यह भूमि गाटा संख्या 196, क्षेत्रफल 5429.96 वर्ग मीटर है, जिसे पूर्व में लगभग 90 वर्षों के लिए दीनदयाल उपाध्याय सेवा न्यास को लीज पर आवंटित किया गया था। यह आवंटन तत्कालीन नियमों और शर्तों के तहत किया गया था। जिसे न्यास द्वारा नगर निगम को स्वेच्छा से वापस कर दिया गया।

नगर निगम अपनी भूमि की लीज निरस्त करते हुए वापस ले लिया, इस भूमि को लखनऊ विकास प्राधिकरण द्वारा नियोजित विकास के लिए नगर निगम से सशुल्क हस्तांतरित करने की मांग थी जिसे माननीय सदन द्वारा सर्व समिति से पास किया गया। साथ ही, अवैध कब्जों के खिलाफ अभियान को और तेज करने का निर्णय लिया गया, ताकि सरकारी संपत्तियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। इसके साथ ही अतिक्रमण से मुक्त जमीनों पर कल्याण मंडप और सामुदायिक केंद्र बनाने की मंजूरी सदन ने दी है।

कर्मचारियों के बच्चों के लिए 50 प्रतिशत फीस छूट को मंजूरी

सदन में सेंट जोसेफ विद्यालय समूह, लखनऊ द्वारा नगर निगम के स्थायी कर्मचारियों के बच्चों के लिए ट्यूशन फीस में 50 प्रतिशत छूट देने के प्रस्ताव को सर्वसम्मति से पारित किया गया। इस निर्णय से कर्मचारियों को आर्थिक राहत मिलेगी और उनके बच्चों को बेहतर शिक्षा प्राप्त करने में सहायता मिलेगी।

सफाई व्यवस्था सुधार के लिए सख्त निर्देश पारित

सदन में शहर की सफाई व्यवस्था और कूड़ा निस्तारण को लेकर विस्तृत चर्चा हुई। गत माह में आई गिरावट पर चिंता जताते हुए संबंधित कार्यदायी संस्था की जवाबदेही तय करने का प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया गया। महापौर ने कार्यदायी संस्थाओं को निर्देश दिए कि वो अपनी संस्था में 75 प्रतिशत कर्मचारी लोकल स्तर पर भर्ती करें।

बैठक में 10 शासनादेश किए गए पारित

बैठक में कुल 10 महत्वपूर्ण शासनादेश पारित किए गए, जिनमें सीएम ग्रिड योजना के तहत सड़क निर्माण, सीवरेज एवं जल निकासी, पार्क विकास, तालाब संरक्षण तथा पशु आश्रय जैसे विषय शामिल रहे।

सड़क निर्माण और विकास कार्यों को मिली मंजूरी

सदन में सीएम ग्रिड योजना के अंतर्गत विभिन्न क्षेत्रों में सड़कों के निर्माण और विकास कार्यों को मंजूरी दी गई। इसमें भारतेंदु हरिश्चंद्र वार्ड, इग्नू रोड क्षेत्र सहित अन्य प्रमुख मार्गों के निर्माण कार्य शामिल हैं। इसके साथ ही गोल मार्केट से कपूरथला चौराहा और रजनीखंड क्षेत्र में भी सड़क विकास कार्यों के लिए धनराशि की किश्तें स्वीकृत की गई। माननीय महापौर ने समस्त जोनल अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए हैं कि सीएम ग्रिड की सड़कों पर अगर कोई भी अतिक्रमण पाया गया तो उनके खिलाफ कार्यवाही की जाएगी।

सीवरेज और जल निकासी परियोजनाओं को स्वीकृति

शहर में जलभराव की समस्या के समाधान हेतु कई सीवरेज और जल निकासी परियोजनाओं को स्वीकृति प्रदान की गई। लोहिया नगर, विकास नगर और भवानीगंज वार्ड क्षेत्र में नालों के निर्माण एवं कवरिंग के कार्य को मंजूरी दी गई। इसके अलावा अमौसी रेलवे स्टेशन क्षेत्र में भूमिगत पाइप द्वारा नाला निर्माण कार्य को भी स्वीकृति दी गई।

तालाब और नदी संरक्षण पर विशेष ध्यान

बैठक में पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए तालाबों के सौंदर्यीकरण और संरक्षण से जुड़े प्रस्तावों को भी मंजूरी दी गई। आलमनगर वार्ड स्थित घोबीघाट तालाब के सौंदर्यीकरण कार्य तथा कुकरेल नदी के डिसिल्टिंग कार्य के लिए धनराशि स्वीकृत की गई।

उपवन के विकास को मिला विशेष महत्व

बैठक में शहर के उपवनों और पार्कों के विकास पर विशेष जोर दिया गया। वित्तीय वर्ष 2025-26 के अंतर्गत विभिन्न क्षेत्रों में पार्कों के निर्माण एवं सौंदर्यीकरण के लिए बजट स्वीकृत किया गया। ग्राम नटकुर के अंतर्गत विभिन्न खसरा नंबरों पर पार्क निर्माण और मियावाकी पद्धति से हरित क्षेत्र विकसित करने का निर्णय लिया गया। इससे शहर में हरित क्षेत्र बढ़ेगा, पर्यावरण संतुलन मजबूत होगा और नागरिकों को बेहतर सार्वजनिक स्थल उपलब्ध होंगे।

महापौर ने दिए प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश

महापौर सुषमा खर्कवाल ने सभी पारित प्रस्तावों के समयबद्ध और पारदर्शी क्रियान्वयन के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नगर निगम लखनऊ शहर को स्वच्छ, सुंदर और विकसित बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और जनहित सर्वोपरि है।