UP में निवेशकों के लिए खुला बड़ा मौका: पीपीपी मॉडल पर प्रदेश में बनेंगे 18 प्रीमियम बस स्टेशन, रिटेल से मल्टीप्लेक्स तक निवेश का मौका

लखनऊ। योगी सरकार में उत्तर प्रदेश के परिवहन ढांचे को आधुनिक और व्यावसायिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण पहल की गई है। उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (यूपीएसआरटीसी) ने पीपीपी मॉडल के तहत फेज-2 में प्रदेश के 18 आधुनिक प्रीमियम बस स्टेशनों एवं वाणिज्यिक परिसरों के विकास के लिए निविदाएं आमंत्रित की हैं। इसके जरिए निवेशकों को परिवहन अवसंरचना के साथ-साथ रिटेल, होटल, फूड कोर्ट, ऑफिस स्पेस, मल्टीप्लेक्स और अन्य व्यावसायिक गतिविधियों में निवेश का अवसर मिलेगा।

यूपीएसआरटीसी के मुताबिक इन परियोजनाओं में 1,100 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश की संभावनाएं हैं। प्रस्तावित बस स्टेशन आधुनिक यात्री सुविधाओं से युक्त होने के साथ शहरों के प्रमुख एवं व्यावसायिक स्थानों पर विकसित किए जाने की योजना है। इससे बस यात्रियों को बेहतर सुविधाएं मिलने के साथ संबंधित शहरों में आर्थिक और व्यावसायिक गतिविधियों को भी गति मिलने की उम्मीद है।

90 वर्ष तक की कंसेशन अवधि का प्रावधान

योजना की प्रमुख विशेषताओं में 90 वर्ष तक की कंसेशन अवधि शामिल है। निवेशकों के लिए दीर्घकालिक एवं स्थिर व्यावसायिक अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से परियोजनाओं में रिटेल, होटल, फूड कोर्ट, ऑफिस स्पेस और मल्टीप्लेक्स जैसी गतिविधियों के लिए वाणिज्यिक क्षेत्र (कॉमर्शियल स्पेस) विकसित किए जाएंगे। इससे बस स्टेशन केवल आवागमन के केंद्र न रहकर आधुनिक ट्रांजिट-कमर्शियल हब के रूप में विकसित हो सकेंगे।

10 अगस्त तक जमा होगी निविदा

निविदा जमा करने की अंतिम तिथि 10 अगस्त 2026 को दोपहर 2 बजे तक निर्धारित की गई है। निविदा से संबंधित विस्तृत जानकारी यूपीएसआरटीसी की वेबसाइट पर उपलब्ध है, जबकि टेंडर दस्तावेज उत्तर प्रदेश ई-टेंडर पोर्टल ( http://etender.up.nic.in/ ) पर देखे जा सकते हैं।

इन 18 जगहों के लिए निविदाएं

अकबरपुर, अमेठी, बदायूं, भिनगा, गोंडा, बलरामपुर, बस्ती, गोला, सिधौली, माती, उन्नाव, हैदरगढ़, नहटौर, सराय अकिल, बादशाहपुर, तरवा, पीलीभीत और निचलौल।