फर्टिलाइजर कंपनियों की मनमानी के खिलाफ एकजुट हुए खुदरा खाद व्यापारी, समस्याओं के समाधान के लिए संघर्ष का ऐलान

लखनऊ। खुदरा कृषि व्यापारी वेलफेयर एसोसिएशन, द्वारा राजधानी लखनऊ में खुदरा खाद व्यापारी सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए खुदरा खाद व्यापारियों ने बड़ी संख्या में भाग लिया और फर्टिलाइजर कंपनियों की कथित मनमानी तथा व्यापारियों के उत्पीड़न के खिलाफ एकजुट होकर अपनी आवाज बुलंद की। सम्मेलन में उत्तर प्रदेश आदर्श व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष संजय गुप्ता मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस दौरान व्यापारियों ने खाद कारोबार से जुड़ी समस्याओं पर विस्तार से चर्चा करते हुए उनके समाधान के लिए सामूहिक संघर्ष का संकल्प लिया।

सम्मेलन को संबोधित करते हुए उत्तर प्रदेश आदर्श व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष संजय गुप्ता ने कहा कि खाद व्यापारियों की समस्याओं के समाधान के लिए संगठन कंधे से कंधा मिलाकर संघर्ष करेगा। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी स्तर पर खाद व्यापारियों का उत्पीड़न बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने आश्वासन दिया कि व्यापारियों की सभी समस्याओं को शासन और प्रशासन के समक्ष प्रभावी ढंग से उठाकर उनके समाधान का हरसंभव प्रयास किया जाएगा।

फर्टिलाइजर कंपनियों पर नियमों की अनदेखी और मनमानी का आरोप

सम्मेलन में मौजूद खाद व्यापारियों ने आरोप लगाया कि प्रदेश में फर्टिलाइजर कंपनियां सरकार के निर्धारित नियमों की अनदेखी करते हुए मनमाने तरीके से व्यापार कर रही हैं, जिसके कारण खुदरा कृषि (खाद) व्यापारियों को गंभीर आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। व्यापारियों का कहना था कि कंपनियों की कार्यप्रणाली के चलते उन्हें किसानों को घाटे में खाद उपलब्ध कराने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है, जिससे उनका कारोबार लगातार प्रभावित हो रहा है।

सरकारी नियमों के बावजूद दुकानों तक नहीं पहुंचाई जा रही खाद

एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष आरके कन्नौजिया और प्रदेश महासचिव अमित गुप्ता ने बताया कि फर्टिलाइजर कंपनियां सरकार से भारी सब्सिडी प्राप्त करने के बावजूद निर्धारित नियमों का पालन नहीं कर रही हैं। उनके अनुसार सरकार के नियमों के तहत कंपनियों को प्रति बोरी यूरिया पर 250 रूपए की व्यवस्था के अंतर्गत खुदरा कृषि व्यापारियों की दुकानों तक खाद पहुंचानी होती है, लेकिन अधिकांश कंपनियां ऐसा न करके व्यापारियों को रेलहेड और गोदामों से स्वयं खाद उठाने के लिए मजबूर कर रही हैं। इससे व्यापारियों पर लोडिंग-अनलोडिंग, परिवहन, जीएसटी, दुकान का किराया, बिजली, कर्मचारियों के वेतन और बैंक ब्याज सहित कई अतिरिक्त खर्चों का बोझ पड़ता है, जिससे प्रति बोरी लगभग 15 से 20 रूपए की अतिरिक्त लागत आती है।

निर्धारित मूल्य और कम मार्जिन से बढ़ रहा आर्थिक संकट

व्यापारियों ने बताया कि सरकार द्वारा किसानों के लिए यूरिया का अधिकतम बिक्री मूल्य 266.50 रूपए प्रति बोरी निर्धारित किया गया है और इससे अधिक कीमत पर बिक्री करने पर दंडात्मक कार्रवाई तथा जेल तक का प्रावधान है। ऐसे में अतिरिक्त लागत वहन करने के बावजूद निर्धारित मूल्य से अधिक बिक्री संभव नहीं होने के कारण खुदरा व्यापारियों के लिए बिना घाटे के कारोबार करना लगभग असंभव हो गया है। एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने यह भी बताया कि सरकार ने उर्वरक डीलरों के लिए 354 रूपए प्रति टन का डीलर मार्जिन निर्धारित किया है, लेकिन आज तक प्रदेश के किसी भी डीलर को यह निर्धारित मार्जिन वास्तविक रूप से नहीं मिल सका है। इससे खुदरा व्यापारियों की आर्थिक स्थिति लगातार कमजोर होती जा रही है।

कृषि मंत्री और सचिव से मुलाकात कर उठाई जाएगी मांग

प्रदेश अध्यक्ष संजय गुप्ता ने घोषणा की कि उत्तर प्रदेश आदर्श व्यापार मंडल जल्द ही प्रदेश के कृषि मंत्री और कृषि सचिव से मुलाकात कर फर्टिलाइजर कंपनियों की मनमानी पर रोक लगाने, सरकार के नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराने तथा खाद व्यापारियों को निर्धारित डीलर मार्जिन दिलाने की मांग करेगा। उन्होंने कहा कि व्यापारियों की समस्याओं का स्थायी समाधान कराना संगठन की प्राथमिकता होगी।

नियमों का पालन नहीं हुआ तो खाद खरीद बंद करेंगे व्यापारी

खुदरा कृषि व्यापारी वेलफेयर एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष आरके कन्नौजिया और प्रदेश महासचिव अमित गुप्ता ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि फर्टिलाइजर कंपनियों ने अपनी मनमानी बंद नहीं की और सरकार के नियमों का पालन सुनिश्चित नहीं किया गया, तो निजी क्षेत्र के खाद व्यापारी खाद की खरीद बंद करने के लिए बाध्य होंगे। उन्होंने कहा कि ऐसी स्थिति में किसानों को होने वाली किसी भी प्रकार की परेशानी के लिए पूरी तरह फर्टिलाइजर कंपनियां जिम्मेदार होंगी।

इन पदाधिकारियों ने किया सम्मेलन को संबोधित

सम्मेलन को खुदरा कृषि व्यापारी वेलफेयर एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष आरके कन्नौजिया, प्रदेश महासचिव अमित गुप्ता, प्रदेश उपाध्यक्ष देश दीपक बाजपेई, प्रदेश संगठन मंत्री अवनीश सिंह, लहरपुर अध्यक्ष अरविंद मिश्रा, महोली अध्यक्ष राजेश यादव, मिश्रिख अध्यक्ष अजय पाल, बिसवां अध्यक्ष दीपचंद, विश्वनाथ प्रताप सिंह, वीरेंद्र मधुकर, किशन शुक्ला सहित विभिन्न जिलों के पदाधिकारियों ने संबोधित किया। सम्मेलन में प्रदेशभर से बड़ी संख्या में कृषि व्यापार से जुड़े व्यापारी उपस्थित रहे।