प्रयागराज में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूती, दो अस्पतालों और सैन्य अस्पताल के बीच एमओयू साइन

लखनऊ, 10 मार्च। प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक गुणवत्तापूर्ण बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। प्रयागराज के दो प्रमुख सरकारी अस्पतालों और सैन्य अस्पताल के बीच मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए हैं। इसके माध्यम से आमजन को अत्याधुनिक और उच्च स्तरीय स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने विधानसभा सचिवालय में आयोजित बैठक में बताया कि प्रयागराज मंडल के अपर निदेशक, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं और छावनी चिकित्सालय (कैंटोनमेंट हॉस्पिटल) प्रयागराज के निदेशक के बीच यह एमओयू साइन किया गया है। इसके तहत तेज बहादुर सप्रू चिकित्सालय (बेली अस्पताल) और मोतीलाल नेहरू मंडलीय चिकित्सालय (कॉल्विन अस्पताल) में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित सुपर स्पेशियलिटी इंटेंसिव केयर यूनिट स्थापित की जाएंगी।
108 शैय्या युक्त छावनी चिकित्सालय प्रयागराज में पहले से ही 20 शैय्या वाली इंटेंसिव केयर यूनिट, वेंटिलेटर, डायलिसिस यूनिट और ऑटोमेटेड पैथोलॉजी लैब जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं। इस अस्पताल को वर्ष 2022 और 2024 में रक्षा मंत्री अवार्ड भी मिल चुका है। महाकुंभ-2025 के दौरान इसी अस्पताल की टीम ने सेंट्रल हॉस्पिटल और सेक्टर-24 के सब-सेंट्रल हॉस्पिटल में विशेषज्ञ आईसीयू सेवाएं प्रदान की थीं, जहां 700 से अधिक गंभीर मरीजों का इलाज किया गया था।
एमओयू के तहत कैंटोनमेंट जनरल हॉस्पिटल प्रयागराज को केंद्रीय ‘हब’ बनाया जाएगा, जबकि बेली और कॉल्विन अस्पताल ‘स्पोक’ के रूप में काम करेंगे। टेलीमेडिसिन के माध्यम से इन अस्पतालों में रिमोट आईसीयू मॉनिटरिंग की व्यवस्था होगी। इसके लिए मेदांता सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल, मैक्स हॉस्पिटल और सनराइज सोसाइटी फॉर विमेन डेवलपमेंट, नोएडा के विशेषज्ञ भी तकनीकी सहयोग देंगे।
इन चिकित्सा इकाइयों में क्रिटिकल केयर, कार्डियोलॉजी, न्यूरोलॉजी, न्यूरोसर्जरी, नेफ्रोलॉजी और गैस्ट्रोएंट्रोलॉजी से जुड़ी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। साथ ही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित टेलीमेडिसिन के जरिए मरीजों की रियल टाइम मॉनिटरिंग की जाएगी, जिससे विशेषज्ञ डॉक्टर दूर से ही उपचार में मार्गदर्शन दे सकेंगे।
डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने बताया कि प्रत्येक चिकित्सा इकाई में सप्ताह में दो बार विशेषज्ञ डॉक्टरों की ओपीडी भी संचालित होगी। इसके अलावा आईसीयू की निगरानी के लिए दो इमरजेंसी मेडिकल ऑफिसर, छह स्टाफ नर्स और चार पैरामेडिकल कर्मचारी 24 घंटे उपलब्ध रहेंगे। अस्पतालों में हाई डिपेंडेंसी यूनिट, बाइपैप मशीनें, आधुनिक टेलीमेडिसिन यूनिट और इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी।
एमओयू के तहत कैंटोनमेंट जनरल हॉस्पिटल प्रयागराज में उपलब्ध अत्याधुनिक उपकरण और मानव संसाधन दो वर्षों तक संबंधित अस्पतालों को निःशुल्क उपलब्ध कराए जाएंगे। इस अवधि में चिकित्साकर्मियों को एंडोस्कोपी, कोलोनोस्कोपी, 2डी इकोकार्डियोग्राम, कार्डियक इमरजेंसी, ईईजी और न्यूरोलॉजिकल जांच से संबंधित प्रशिक्षण भी दिया जाएगा।
सरकार का कहना है कि इस पहल से प्रयागराज मंडल की लगभग 1.4 करोड़ आबादी को उन्नत स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ मिलेगा। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि प्रदेश के हर व्यक्ति को गुणवत्तापूर्ण इलाज उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है और आने वाले समय में प्रदेश के अन्य जिलों में भी इसी तरह के एमओयू किए जाएंगे।