
दरियाबाद (बाराबंकी)। विकास खंड दरियाबाद से गाजीपुर को जोड़ने वाला प्रमुख संपर्क मार्ग महज दो वर्ष पहले हुए मरम्मतीकरण के बावजूद पूरी तरह जर्जर हो चुका है। करीब 10 किलोमीटर लंबी इस सड़क पर जगह-जगह गहरे गड्ढे बन गए हैं, जबकि सड़क किनारे उगी घनी झाड़ियों ने आवागमन को और अधिक जोखिम भरा बना दिया है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि लाखों रुपये खर्च होने के बावजूद सड़क समय से पहले ही उखड़ गई, जिससे निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठ रहे हैं।
यह मार्ग मिरकापुर, भेलौना, बीकापुर, नियामतपुर, अंबरपुरवा सहित दर्जनों गांवों को जोड़ने वाला महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग है। प्रतिदिन हजारों ग्रामीण इसी सड़क से बाजार, अस्पताल, स्कूल-कॉलेज और जिला मुख्यालय तक पहुंचते हैं। ई-रिक्शा, ऑटो, बाइक, निजी वाहन, स्कूल बसें और एंबुलेंस भी इसी मार्ग से गुजरती हैं, लेकिन सड़क की बदहाल स्थिति के कारण हर समय दुर्घटना की आशंका बनी रहती है।
ग्रामीणों के अनुसार करीब दो वर्ष पहले इस सड़क का मरम्मतीकरण कराया गया था। शुरुआती कुछ महीनों तक सड़क ठीक रही, लेकिन बाद में इसकी सतह जगह-जगह से उखड़ने लगी। वर्तमान में स्थिति यह है कि कई स्थानों पर बड़े-बड़े गड्ढे बन चुके हैं, जिनसे गुजरना जोखिम भरा हो गया है। लोगों का आरोप है कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता मानकों का पूरी तरह पालन नहीं किया गया, जिसके कारण सरकारी धन खर्च होने के बावजूद सड़क टिकाऊ साबित नहीं हुई।
बरसात के मौसम में समस्या और गंभीर हो जाती है। गड्ढों में पानी भर जाने से उनकी गहराई का अनुमान नहीं लग पाता और सड़क किनारे उगी झाड़ियां दृश्यता कम कर देती हैं। रात के समय यह मार्ग और अधिक खतरनाक हो जाता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि आए दिन बाइक सवार और ई-रिक्शा चालक गड्ढों में गिरकर घायल हो रहे हैं। कई बार स्कूली बच्चों से भरे वाहन भी दुर्घटना का शिकार होने से बाल-बाल बचे हैं।
ग्रामीणों का यह भी कहना है कि यदि सड़क के दोनों किनारों पर मजबूत शोल्डर या ईंटों की सोलिंग बनाई गई होती तो वर्षा का पानी सड़क को इस तरह नुकसान नहीं पहुंचाता। उनका आरोप है कि तकनीकी मानकों की अनदेखी के कारण सड़क की परत जल्दी उखड़ गई और अब पूरी सड़क बदहाल हो चुकी है।
खराब सड़क का असर आम लोगों के दैनिक जीवन पर भी पड़ रहा है। किसानों, व्यापारियों, विद्यार्थियों और मरीजों को आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। वाहन चालकों का कहना है कि खराब सड़क के कारण वाहनों में बार-बार खराबी आ रही है और मरम्मत पर अतिरिक्त खर्च करना पड़ रहा है। कई लोग इस मार्ग से बचने के लिए लंबा रास्ता अपनाने को मजबूर हैं।
क्षेत्रवासियों ने लोक निर्माण विभाग और जिला प्रशासन से सड़क की तत्काल मरम्मत, गड्ढों की भराई, सड़क किनारे उगी झाड़ियों की सफाई तथा निर्माण कार्य की गुणवत्ता की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते आवश्यक कदम नहीं उठाए गए तो भविष्य में कोई बड़ा हादसा हो सकता है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि समस्या का शीघ्र समाधान न होने पर वे आंदोलन का रास्ता अपनाने के लिए बाध्य होंगे।