लोधेश्वर महादेव धाम में उमड़ा आस्था का सैलाब: एक लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने किया जलाभिषेक, शिवभक्ति के रंग में सराबोर रहे भक्त

बाराबंकी। सावन मास के प्रथम सोमवार पर उत्तर भारत के प्रसिद्ध तीर्थस्थल श्री लोधेश्वर महादेव धाम में आस्था का जनसैलाब उमड़ पड़ा। रविवार देर रात से ही मंदिर के कपाट श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए थे और भोर होते-होते पूरा महादेवा नगर “हर-हर महादेव” और “बम-बम भोले” के जयघोष से गूंज उठा। भगवान भोलेनाथ के जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं की करीब एक किलोमीटर लंबी कतार लगी रही। महिलाएं, पुरुष, बुजुर्ग और युवा हाथों में गंगाजल तथा पूजन सामग्री लेकर घंटों अपनी बारी का इंतजार करते रहे। श्रद्धालुओं की अटूट आस्था के आगे लंबा इंतजार भी छोटा नजर आया।

मंदिर के पुजारी आदित्य तिवारी ने बताया कि रविवार रात से ही श्रद्धालुओं का लगातार आगमन शुरू हो गया था और सोमवार देर रात तक जलाभिषेक एवं दर्शन का क्रम जारी रहने की संभावना थी। उन्होंने बताया कि शाम तक एक लाख से अधिक श्रद्धालु भगवान लोधेश्वर महादेव के दर्शन और जलाभिषेक कर चुके थे तथा देर रात तक यह संख्या और बढ़ने की उम्मीद थी।

चाक चौबंद रही सुरक्षा व्यवस्था

श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए थे। डीएम बाराबंकी ईशान प्रताप सिंह और पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय ने संयुक्त रूप से लोधेश्वर महादेव मंदिर, मेला क्षेत्र और कांवड़ यात्रा मार्ग का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। अधिकारियों ने पुलिस पिकेट, बैरिकेडिंग, रूट डायवर्जन, पार्किंग व्यवस्था और पैदल मार्ग का निरीक्षण करते हुए संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधाओं में किसी प्रकार की कमी नहीं रहनी चाहिए। साथ ही भीड़ प्रबंधन, यातायात संचालन और आपातकालीन सेवाओं को पूरी तरह सक्रिय रखने के निर्देश भी दिए गए, जिससे पूरे दिन व्यवस्थाएं सुचारु रूप से संचालित होती रहीं।

मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी लगातार मुस्तैद रहे। मंदिर के मुख्य द्वार पर चौकी प्रभारी राजेश पांडे श्रद्धालुओं की आवाजाही पर नजर रखे हुए थे, जबकि मंदिर परिसर के भीतर थाना प्रभारी अरुण प्रताप सिंह स्वयं पुलिस बल के साथ सुरक्षा व्यवस्था संभाले रहे। अपर पुलिस अधीक्षक विकास चंद्र त्रिपाठी और क्षेत्राधिकारी रामनगर गरिमा पंत लगातार मेला क्षेत्र का भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी करते रहे। वहीं उपजिलाधिकारी आकांक्षा गुप्ता और तहसीलदार विपुल कुमार सिंह श्रद्धालुओं से संवाद कर व्यवस्थाओं का जायजा लेते रहे और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते रहे।

संदिग्ध गतिविधियों पर रखी गई विशेष नजर

रेल मार्ग से आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए बुढ़वल जंक्शन पर भी विशेष सुरक्षा व्यवस्था लागू रही। आरपीएफ प्रभारी रवि कुमार ने बताया कि महादेवा जाने वाले मार्ग पर स्थित गेट संख्या-303 सहित पूरे स्टेशन परिसर में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किया गया है। स्टेशन के बाहर भी जवानों की तैनाती की गई ताकि श्रद्धालुओं को आवागमन में किसी प्रकार की असुविधा न हो। जीआरपी प्रभारी दुर्गेश कुमार ने बताया कि स्टेशन और आसपास के पूरे क्षेत्र में लगातार गश्त की जा रही है तथा संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष नजर रखी जा रही है।

जयघोष से वातावरण पूरी तरह भक्तिमय बना रहा

दिनभर चले जलाभिषेक के दौरान मंदिर परिसर और मेला क्षेत्र में धार्मिक उत्साह, अनुशासन और प्रशासनिक सतर्कता का सुंदर समन्वय देखने को मिला। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था और बेहतर प्रबंधन के बीच लाखों श्रद्धालुओं ने भगवान लोधेश्वर महादेव का जलाभिषेक कर सुख-समृद्धि और परिवार की खुशहाली की कामना की। पूरे दिन महादेवा धाम शिवभक्ति के रंग में सराबोर रहा और “हर-हर महादेव” के जयघोष से वातावरण पूरी तरह भक्तिमय बना रहा।