
बाराबंकी। जनपद बाराबंकी के बुढ़वल थाना क्षेत्र अंतर्गत सुढीयामऊ रेलवे स्टेशन के समीप रेलवे ट्रैक पर रविवार और सोमवार की दरम्यानी रात एक दर्दनाक घटना सामने आई। रेलवे लाइन के किलोमीटर संख्या 10/8 से 10/9 के मध्य लगभग 55 वर्षीय एक अज्ञात पुरुष का शव क्षत-विक्षत अवस्था में पड़ा मिला। घटना की सूचना मिलते ही जीआरपी बुढ़वल मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। प्रथम दृष्टया मामला ट्रेन की चपेट में आने से हुई मौत का प्रतीत हो रहा है।
मिली जानकारी के मुताबिक 06/07 जुलाई 2026 की रात रेलवे ट्रैक पर नियमित गश्त कर रहे कर्मचारियों की नजर ट्रैक के पास पड़े शव पर पड़ी। इसके बाद तत्काल इसकी सूचना जीआरपी बुढ़वल को दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस के अनुसार शव बुरी तरह क्षत-विक्षत था, जिससे प्रथम दृष्टया यह आशंका जताई जा रही है कि व्यक्ति की मौत किसी ट्रेन की चपेट में आने से हुई है। हालांकि मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी।
तलाशी में नहीं मिला कोई पहचान पत्र, मोबाइल या दस्तावेज
जीआरपी बुढ़वल के अधिकारियों ने बताया कि मृतक की उम्र लगभग 55 वर्ष आंकी गई है। शव की तलाशी के दौरान उसके पास से कोई पहचान पत्र, मोबाइल फोन या अन्य दस्तावेज बरामद नहीं हुआ, जिससे उसकी पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया के तहत शव का पंचायतनामा भरने की कार्रवाई शुरू कर दी है। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा जाएगा, ताकि मृत्यु के कारणों का वैज्ञानिक परीक्षण किया जा सके।
शिनाख्त के लिए जनता से सहयोग की अपील, हेल्पलाइन नंबर भी जारी
मृतक की पहचान सुनिश्चित करने के लिए जीआरपी बुढ़वल ने आमजन से सहयोग की अपील की है। पुलिस का कहना है कि यदि किसी व्यक्ति को मृतक के संबंध में कोई जानकारी हो या पिछले कुछ दिनों से लगभग 55 वर्षीय कोई व्यक्ति लापता हो, तो वह तत्काल जीआरपी बुढ़वल के हेल्पलाइन नंबर 9454458255 पर संपर्क कर सूचना दे सकता है। पुलिस का मानना है कि आम जनता के सहयोग से मृतक की पहचान कर उसके परिजनों तक सूचना पहुंचाई जा सकती है।
गुमशुदगी के रिकॉर्ड खंगाल रही पुलिस, 72 घंटे तक रहेगा शिनाख्त का इंतजार
जीआरपी अधिकारियों के अनुसार मृतक की पहचान के लिए आसपास के थानों और अन्य जनपदों में दर्ज गुमशुदगी की रिपोर्टों की जांच की जा रही है। इसके अलावा सोशल मीडिया और स्थानीय स्तर पर भी मृतक के हुलिए का प्रचार-प्रसार किया जाएगा, ताकि जल्द से जल्द उसकी शिनाख्त हो सके। फिलहाल शव को मोर्चरी में सुरक्षित रखवा दिया गया है। नियमानुसार 72 घंटे तक पहचान का इंतजार किया जाएगा। यदि इस दौरान मृतक की शिनाख्त नहीं हो पाती है, तो कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए अंतिम संस्कार की कार्रवाई की जाएगी।