
लखनऊ। उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन ने लखनऊ मेट्रो के ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर के लिए वसंतकुंज में बनने वाले मेट्रो डिपो के निर्माण का अनुबंध जीएचवी (इंडिया) प्राइवेट लिमिटेड को प्रदान कर दिया है। लगभग 150 करोड़ के इस टेंडर में पांच कंपनियों ने भाग लिया था। तकनीकी और वित्तीय मूल्यांकन के बाद जीएचवी को सफल बोलीदाता चुना गया।
करीब 127 करोड़ की लागत से विकसित होने वाला यह डिपो ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर की मेट्रो ट्रेनों के रखरखाव, निरीक्षण और स्टेब्लिंग का प्रमुख केंद्र होगा। इसे ट्रांसपोर्ट नगर डिपो की तर्ज पर आधुनिक तकनीकों और उन्नत मशीनों से लैस किया जाएगा।
डिपो में पिट व्हील लेथ मशीन, ऑटोमैटिक पिट एवं मोबाइल जैक, बोगी टर्न टेबल, ट्रेन वाशिंग प्लांट, इलेक्ट्रिक बोगी शंटर तथा री-रेलिंग एवं रेस्क्यू वाहन जैसी अत्याधुनिक सुविधाएं स्थापित की जाएंगी। इनसे मेट्रो ट्रेनों की सुरक्षा, विश्वसनीयता और संचालन क्षमता सुनिश्चित होगी।
पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए डिपो में ज़ीरो डिस्चार्ज सिस्टम, डुअल प्लंबिंग, सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) और एफ्लुएंट ट्रीटमेंट प्लांट (ईटीपी) जैसी सुविधाएं भी विकसित की जाएंगी। साथ ही जल संरक्षण और पुनर्चक्रण के लिए एकीकृत जल प्रबंधन प्रणाली लागू की जाएगी।
डिपो निर्माण अनुबंध जारी होने के साथ ही ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर परियोजना को नई गति मिली है, जिससे लखनऊ के शहरी परिवहन ढांचे को और मजबूती मिलने की उम्मीद है।