
लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार की संगठित अपराध और अपराधियों के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस नीति के तहत लखनऊ पुलिस ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। पुलिस आयुक्त के निर्देशन और संयुक्त पुलिस आयुक्त (अपराध) के मार्गदर्शन में क्राइम ब्रांच, लखनऊ द्वारा संगठित अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण और नशीले पदार्थों की तस्करी पर कड़ी कार्रवाई के उद्देश्य से शुक्रवार को एक नई ऑर्गेनाइज़्ड क्राइम हेल्पलाइन नंबर 7839861034 का शुभारंभ किया गया। इस पहल का मुख्य उद्देश्य जनसहभागिता को मजबूत बनाना और आम नागरिकों को अपराध के खिलाफ सक्रिय भागीदार बनाना है।
गोपनीय तरीके से दे सकेंगे सूचना, होगी त्वरित कार्रवाई
इस हेल्पलाइन के माध्यम से नागरिक अपने क्षेत्र में हो रही आपराधिक गतिविधियों—विशेष रूप से नशा तस्करी, मानव तस्करी और अन्य संगठित अपराधों से संबंधित जानकारी पूरी तरह गोपनीय तरीके से साझा कर सकते हैं। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि प्राप्त सूचनाओं पर त्वरित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी, जिससे अपराधों पर समय रहते नियंत्रण पाया जा सके।
क्राइम ब्रांच का नया X (ट्विटर) हैंडल भी लॉन्च
हेल्पलाइन के साथ ही क्राइम ब्रांच, कमिश्नरेट लखनऊ ने आमजन को जागरूक करने के लिए अपना नया ट्विटर (X) हैंडल @Crime_branchlko भी शुरू किया है। इस प्लेटफॉर्म के जरिए नशा तस्करी, मानव तस्करी, ऑनलाइन धोखाधड़ी, फर्जी कॉल और मैसेज, डिजिटल ठगी जैसे अपराधों से बचाव के उपाय और जरूरी दिशा-निर्देश नियमित रूप से साझा किए जाएंगे। साथ ही लोगों को संदिग्ध गतिविधियों की पहचान कर समय रहते सतर्क रहने के लिए प्रेरित किया जाएगा।
नागरिकों की भूमिका अहम: एडीसीपी
इस पहल पर जानकारी देते हुए अपर पुलिस उपायुक्त (अपराध) सुश्री किरन यादव, आईपीएस ने कहा कि यह कदम नागरिकों को संगठित अपराध के खिलाफ सक्रिय भूमिका निभाने और पुलिस के साथ सहयोग करने के लिए प्रोत्साहित करेगा। उन्होंने बताया कि हेल्पलाइन 24×7 संचालित रहेगी और सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी। साथ ही, महत्वपूर्ण और विश्वसनीय सूचना देने वालों को उचित पुरस्कार भी प्रदान किया जाएगा।
आमजन से अपील: बिना डर आएं आगे
पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे बिना किसी भय के आगे आएं और इस हेल्पलाइन का अधिकतम उपयोग करें। उन्होंने कहा कि एक छोटी-सी सूचना भी बड़े अपराध को रोकने में अहम भूमिका निभा सकती है, इसलिए अपने क्षेत्र में हो रही किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत साझा करें।